डिजिटल अरेस्ट स्कैम से सावधान! सरकार ने ब्लॉक किए हजारों WhatsApp Accounts और Skype IDs
हाल ही में साइबर स्कैम और डिजिटल अरेस्ट से जुड़े मामलों में तेजी से बढ़ोतरी देखी गई है। सरकार ने इन फर्जी स्कैमर्स पर कड़ा एक्शन लेते हुए हजारों WhatsApp Accounts और Skype IDs को ब्लॉक कर दिया है।

हाल ही में साइबर स्कैम और डिजिटल अरेस्ट से जुड़े मामलों में तेजी से बढ़ोतरी देखी गई है। डिजिटल अरेसक्ट स्कैम में साइबर अपराधी खुद को फर्जी पुलिश अधिकारी या सीबीआई अधिकारी बताकर कॉल करते हैं। वे पीड़ित को डराते हैं, धमकाते हैं और झूठे आरोपों में फंसाने की धमकी देकर मोटी रकम ऐंठ लेते हैं।
सरकार ने इन फर्जी स्कैमर्स पर कड़ा एक्शन लेते हुए हजारों WhatsApp Accounts और Skype IDs को ब्लॉक कर दिया है। राज्यसभा में यह जानकारी केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंदी संजय कुमार ने दी।
WhatsApp और Skype के हजारों फर्जी अकाउंट्स ब्लॉक
मंत्री ने बताया कि Indian Cyber Crime Coordination Centre (I4C) ने अब तक 3,962 Skype IDs और 83,668 WhatsApp Accounts की पहचान कर उन्हें ब्लॉक किया है। ये अकाउंट्स डिजिटल अरेस्ट स्कैम में इस्तेमाल किए जा रहे थे।
साइबर फ्रॉड के मामले 3 गुना बढ़े
भारत में साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहा है। National Cyber Crime Reporting Portal (NCRP) के अनुसार वर्ष 2022 में 39,925 साइबर क्राइम केस दर्ज हुए और ₹91.14 करोड़ की ठगी हुई। वहीं, साल 2024 में केस की संख्या बढ़कर 1,23,672 हो गई, यानी 3 गुना बढ़ोतरी हो गई। हैरान करने वाली बात है कि साल 2025 के पहले 2 महीनों में यानी फरवरी तक में साइबर क्राइम के 17,718 केस दर्ज हुए और ₹210.21 करोड़ की ठगी हुई।
फाइनेंशियल फ्रॉड से बचाने वाली एजेंसी
सरकार ने Citizen Financial Cyber Fraud Reporting & Management System लॉन्च किया है, जो I4C के तहत काम करता है। इसका उद्देश्य फाइनेंशियल साइबर क्राइम से पीड़ितों के पैसे को बचाना है।
अब तक इस एजेंसी ने ₹4,386 करोड़ से अधिक की राशि को बचाया है। अगर आपको कोई साइबर फ्रॉड का शिकार बनाता है, तो तुरंत टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करें।
साइबर क्राइम रोकने के लिए कॉलर ट्यून कैंपेन
साइबर क्राइम को रोकने के लिए सरकार ने टेलीकॉम्यूनिकेशन डिपार्टमेंट (Department of Telecommunications (DoT) के साथ मिलकर कॉलर ट्यून कैंपेन (Caller Tune Campaign) लॉन्च किया है। इसमें लोगों को स्थानीय भाषाओं में साइबर क्राइम से बचने की जानकारी दी जाती है।
इंटरनेशनल फेक कॉल्स पर लगाम
सरकार ने टेलीकॉम सर्विस प्रोवाइडर के साथ मिलकर एक ऐसा सिस्टम तैयार किया है, जो इंडियन मोबाइल नंबर से मिलते-जुलते International Spoofed Calls को पहचानकर ब्लॉक कर सकता है।
डिजिटल अरेस्ट स्कैम से कैसे बचें? (How to Avoid the Digital Arrest Scam)
बता दें कि, असली पुलिस या सरकारी एजेंसी कभी फोन पर गिरफ्तारी की धमकी नहीं देती। अगर कोई Call या WhatsApp पर आपको पैसे देने के लिए दबाव डाले, तो तुरंत रिपोर्ट करें। अनजान नंबर से आए कॉल पर अपनी पर्सनल या बैंकिंग डिटेल शेयर न करें। अगर कोई फेक कॉल आता है तो 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें।

