scorecardresearch

UPI ने फिर रचा इतिहास: अगस्त में 29.8 लाख करोड़ रुपये के ट्रांजैक्शन, 24.51 अरब लेनदेन रिकॉर्ड स्तर पर

भारत का डिजिटल पेमेंट प्लेटफॉर्म UPI लगातार नए रिकॉर्ड बना रहा है। अगस्त 2026 में UPI ट्रांजैक्शन की संख्या रिकॉर्ड 24.51 अरब तक पहुंच गई, जबकि ट्रांजैक्शन वैल्यू 29.8 लाख करोड़ रुपये के करीब रही। त्योहारों के सीजन में डिजिटल भुगतान की बढ़ती मांग और नए इस्तेमाल के तरीकों से UPI की रफ्तार और मजबूत हुई है।

Advertisement
UPI Transactions ने पकड़ी रफ्तार, अगस्त में वॉल्यूम रिकॉर्ड हाई पर पहुंचा
UPI Transactions ने पकड़ी रफ्तार, अगस्त में वॉल्यूम रिकॉर्ड हाई पर पहुंचा

In Short

  • अगस्त 2026 में UPI ट्रांजैक्शन वॉल्यूम रिकॉर्ड 24.51 अरब पर पहुंचा, जो अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है।
  • UPI के जरिए अगस्त में 29.82 लाख करोड़ रुपये के भुगतान हुए, जो पिछले साल के मुकाबले 20% ज्यादा है।
  • UPI अब भारत के अलावा 11 देशों में स्वीकार किया जा रहा है, जिसमें उज्बेकिस्तान सबसे नया जुड़ा देश है।

भारत के डिजिटल पेमेंट सिस्टम UPI ने अगस्त 2026 में एक बार फिर मजबूत प्रदर्शन किया है। नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) के आंकड़ों के मुताबिक, अगस्त में UPI के जरिए 29.8 लाख करोड़ रुपये के ट्रांजैक्शन हुए, जो रिकॉर्ड स्तर के काफी करीब है। इससे पहले मई और जुलाई 2026 में UPI ट्रांजैक्शन वैल्यू 29.9 लाख करोड़ रुपये के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंची थी।

advertisement

India makes 85 pc of digital payment through UPI: RBI Guv Malhotra - The  Economic Times

ट्रांजैक्शन की संख्या ने बनाया नया रिकॉर्ड

अगस्त में UPI ट्रांजैक्शन की संख्या यानी वॉल्यूम ने नया रिकॉर्ड बनाया। महीने के दौरान कुल 24.51 अरब UPI ट्रांजैक्शन हुए, जो पिछले महीने जुलाई के 23.66 अरब ट्रांजैक्शन से ज्यादा हैं। जून 2026 में UPI ट्रांजैक्शन वॉल्यूम 22.72 अरब और मई में 23.2 अरब रहा था।

सालाना आधार पर 20% बढ़ा ट्रांजैक्शन वैल्यू

NPCI के आंकड़ों के अनुसार, अगस्त 2026 में UPI ट्रांजैक्शन की कुल वैल्यू 29.82 लाख करोड़ रुपये रही, जबकि पिछले साल अगस्त में यह 24.85 लाख करोड़ रुपये थी। यानी सालाना आधार पर ट्रांजैक्शन वैल्यू में करीब 20% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं, ट्रांजैक्शन वॉल्यूम 22% बढ़कर 24.51 अरब हो गया, जो पिछले साल अगस्त में 19.63 अरब था।

त्योहारों से मिली डिजिटल पेमेंट को मजबूती

पेमेंट इंडस्ट्री के विशेषज्ञों के मुताबिक, अगस्त में रक्षाबंधन जैसे त्योहारों के कारण छोटे भुगतान और पीयर-टू-पीयर (P2P) ट्रांसफर में तेजी देखने को मिली। लगातार तीन महीनों से बढ़ते ट्रांजैक्शन वॉल्यूम और स्थिर वैल्यू से UPI इकोसिस्टम की बढ़ती पहुंच और इस्तेमाल का पता चलता है।

11 देशों में पहुंचा UPI नेटवर्क

भारत का UPI अब विदेशों में भी तेजी से विस्तार कर रहा है। फिलहाल 11 देशों में UPI स्वीकार किया जा रहा है। उज्बेकिस्तान इसका सबसे नया हिस्सा बना है। इसके अलावा सिंगापुर, UAE, फ्रांस, मॉरीशस, नेपाल, भूटान, कतर, श्रीलंका, कंबोडिया और ग्रीस में भी UPI पेमेंट की सुविधा उपलब्ध है।

एक दशक में बदली डिजिटल पेमेंट की तस्वीर

25 अगस्त 2016 को लॉन्च हुआ UPI भारत के डिजिटल पेमेंट सिस्टम में बड़ा बदलाव लेकर आया है। FY17 में जहां UPI ट्रांजैक्शन वैल्यू सिर्फ 0.07 लाख करोड़ रुपये थी, वहीं FY26 में यह बढ़कर करीब 314 लाख करोड़ रुपये पहुंच गई। यानी एक दशक में इसमें 4,000 गुना से ज्यादा की वृद्धि दर्ज की गई है।