
Jio का 1600 सैटेलाइट प्लान, देश के दूर-दराज इलाकों तक पहुंचेगा इंटरनेट
जियो देश के दूर-दराज इलाकों तक सैटेलाइट के जरिए इंटरनेट पहुंचाने की तैयारी कर रहा है। कंपनी करीब 1600 LEO सैटेलाइट लॉन्च करेगी। 2027 में टेस्टिंग शुरू हो सकती है और 2028 से बड़े स्तर पर लॉन्च की तैयारी है। पढ़ें पूरी खबर।

In Short
- जियो करीब 1600 सैटेलाइट लॉन्च करने की तैयारी कर रहा है।
- 2027 में सैटेलाइट इंटरनेट की टेस्टिंग शुरू हो सकती है।
- जियो की टक्कर Starlink और Amazon Leo से होगी।
इंटरनेट आज हमारी रोजमर्रा की जरूरत बन चुका है। पढ़ाई से लेकर काम और वीडियो कॉल तक, हर चीज के लिए इंटरनेट जरूरी है। लेकिन देश में आज भी कई ऐसी जगहें हैं, जहां मोबाइल नेटवर्क या फाइबर इंटरनेट पहुंचाना आसान नहीं है। अब जियो ऐसी ही जगहों तक इंटरनेट पहुंचाने की तैयारी कर रहा है।
रिपोर्ट के मुताबिक, जियो लो अर्थ ऑर्बिट यानी LEO में करीब 1600 सैटेलाइट भेजने की तैयारी कर रहा है। ये सैटेलाइट पृथ्वी से करीब 650 किलोमीटर की ऊंचाई पर चक्कर लगाएंगे। इनके जरिए कंपनी सैटेलाइट इंटरनेट सर्विस शुरू करना चाहती है।
कैसे काम करेगा Jio का सैटेलाइट इंटरनेट?
सीधे शब्दों में समझें तो सैटेलाइट इंटरनेट का फायदा उन जगहों पर हो सकता है, जहां मोबाइल टावर लगाना या फाइबर केबल पहुंचाना मुश्किल है। ऐसे इलाकों में सैटेलाइट के जरिए इंटरनेट कनेक्टिविटी देने की कोशिश की जाएगी।
इसका मतलब यह है कि हर जगह इंटरनेट पहुंचाने के लिए जमीन पर टावर और फाइबर नेटवर्क बिछाना जरूरी नहीं होगा। सैटेलाइट सीधे इंटरनेट कनेक्टिविटी देने में मदद करेंगे। इसी तरह का मॉडल स्टारलिंक जैसी कंपनियां भी इस्तेमाल कर रही हैं।
गांव और पहाड़ी इलाकों को हो सकता है फायदा
जियो के इस प्लान का सबसे बड़ा फायदा देश के दूर-दराज इलाकों को हो सकता है। गांवों और पहाड़ी इलाकों के अलावा उन जगहों पर भी इंटरनेट कनेक्टिविटी बेहतर करने की कोशिश की जा सकती है, जहां अभी नेटवर्क कमजोर है।
सैटेलाइट के जरिए ब्रॉडबैंड इंटरनेट उपलब्ध कराने की तैयारी है। इससे उन इलाकों तक इंटरनेट पहुंचाने में मदद मिल सकती है, जहां जमीन पर नेटवर्क तैयार करना आसान नहीं है।
2027 से टेस्ट फ्लाइट की तैयारी
रिपोर्ट के मुताबिक, जियो 2027 में कुछ सैटेलाइट के साथ टेस्ट फ्लाइट शुरू कर सकता है। इसके बाद 2028 की शुरुआत से बड़े स्तर पर सैटेलाइट लॉन्च करने की तैयारी है।

कंपनी का लक्ष्य 2030 तक करीब 400 से 500 सैटेलाइट का नेटवर्क तैयार करना बताया गया है। वहीं 2035 तक करीब 1600 सैटेलाइट का पूरा नेटवर्क तैयार करने की योजना है।
Starlink और Amazon Leo से होगी टक्कर
जियो की सैटेलाइट इंटरनेट सर्विस की टक्कर सीधे स्टारलिंक और Amazon Leo जैसी कंपनियों से होगी। स्टारलिंक के सैटेलाइट करीब 550 किलोमीटर की ऊंचाई पर हैं, जबकि जियो का नेटवर्क करीब 650 किलोमीटर की ऊंचाई पर होगा।
ऐसे में आने वाले समय में भारत में सैटेलाइट इंटरनेट को लेकर कंपनियों के बीच मुकाबला काफी दिलचस्प हो सकता है।

