दिवाली से पहले चर्चा में आया मल्टीबैगर शेयर! 224% तेजी के बाद भी ब्रोकरेज बुलिश - चेक करें टारगेट
दिवाली से पहले मल्टीबैगर स्टॉक HFCL एक बार फिर चर्चा में है। साल 2026 में अब तक यह शेयर 224% चढ़ चुका है। इसके बावजूद दो ब्रोकरेज फर्मों ने इस पर भरोसा जताया है।

दिवाली से पहले शेयर बाजार में मल्टीबैगर स्टॉक HFCL एक बार फिर चर्चा में है। साल 2026 में अब तक यह शेयर 224% की जबरदस्त तेजी दिखा चुका है। इसके बावजूद कम से कम दो ब्रोकरेज फर्मों ने इसे अपने टॉप दिवाली स्टॉक पिक्स में शामिल किया है।
खबर लिखे जानें तक बुधवार 4 नवंबर को HFCL का शेयर 4.42% चढ़कर 226.90 रुपये पर कारोबार कर रहा था। ब्रोकरेज को उम्मीद है कि कंपनी के बदलते कारोबार और मजबूत ऑर्डर बुक से आने वाले वर्षों में शेयर को फायदा मिल सकता है।
टेलीकॉम से डिफेंस तक बदल रहा कंपनी का कारोबार
Centrum Finserve के मुताबिक, HFCL अब सिर्फ टेलीकॉम प्रोजेक्ट्स तक सीमित नहीं है। कंपनी खुद को ग्लोबल ऑप्टिकल कनेक्टिविटी और डिफेंस टेक्नोलॉजी कंपनी के रूप में विकसित कर रही है।
AI के कारण ऑप्टिकल फाइबर की बढ़ती मांग, रिकॉर्ड ऑर्डर बुक, उत्पादन क्षमता का विस्तार और बढ़ता एक्सपोर्ट कंपनी के लिए ग्रोथ के बड़े अवसर हैं।
एक्सपर्ट के मुताबिक, HFCL की ऑर्डर बुक में ऑप्टिकल फाइबर केबल और डेटा सेंटर इंटरकनेक्ट (DCI) की हिस्सेदारी करीब 18,500 करोड़ रुपये है। इसमें लगभग 70% ऑर्डर हाइपरस्केलर से जुड़े हैं। कंपनी के टेलीकॉम रेवेन्यू में डेटा सेंटर की हिस्सेदारी अब 65-75% तक पहुंच गई है। बढ़ती मांग को देखते हुए कंपनी अपनी उत्पादन क्षमता दोगुनी कर रही है।
डिफेंस कारोबार से कितनी कमाई की उम्मीद?
HFCL के डिफेंस कारोबार से वित्त वर्ष 2026-27 में 500-600 करोड़ रुपये के रेवेन्यू का अनुमान है। वित्त वर्ष 2027-28 में यह कम से कम 2,000 करोड़ रुपये और अगले तीन वर्षों में 5,000 करोड़ रुपये तक पहुंचने की उम्मीद है।
इस ग्रोथ में प्रस्तावित एयरोस्पेस अधिग्रहण की भी अहम भूमिका हो सकती है। यह डील FY27 की तीसरी तिमाही में पूरी होने की उम्मीद है। अधिग्रहण से जुड़े कारोबार के पास 1,600-1,800 करोड़ रुपये की ऑर्डर बुक है।
₹121 करोड़ के घाटे पर ब्रोकरेज ने क्या कहा?
Arihant Capital Markets के मुताबिक, HFCL के EPC कारोबार में 121 करोड़ रुपये का घाटा मुख्य रूप से प्रोजेक्ट्स की टाइमिंग से जुड़ा है।
ब्रोकरेज को उम्मीद है कि अगली दो तिमाहियों में घाटा 75-100 करोड़ रुपये तक सीमित रहेगा और FY28 की पहली तिमाही से यह कारोबार मुनाफे में आ सकता है।
₹290 से ₹495 तक के टारगेट
Centrum Finserve ने HFCL पर 'Buy' रेटिंग के साथ 290 रुपये का टारगेट दिया है। वहीं, Arihant Capital Markets ने 495 रुपये का टारगेट रखते हुए अपनी 'Buy' रेटिंग बरकरार रखी है।
Arihant के मुताबिक, कंपनी ने FY27 के लिए कम से कम 80% सालाना ग्रोथ का अनुमान दिया है। कंपनी अब 10,000 करोड़ रुपये का रेवेन्यू लक्ष्य FY29 से काफी पहले हासिल करने की उम्मीद कर रही है।

