New LPG Cylinder Rules: 1 मई से बदल गए एलपीजी से जुड़े ये 3 बड़े नियम! फाटाफट कर लें चेक
1 मई से एलपीजी नियमों में हुए बड़े बदलाव ने करोड़ों ग्राहकों को चौंका दिया है। खासकर जिनके पास पीएनजी कनेक्शन है, उनके लिए सरकार ने सख्त आदेश जारी किए हैं। बुकिंग के अंतराल से लेकर ओटीपी डिलीवरी तक, अब सिलेंडर पाना पहले जैसा आसान नहीं रहेगा। जानें, क्या आपका कनेक्शन भी कट सकता है?

New LPG Cylinder Rules: 1 मई 2026 से एलपीजी ग्राहकों के लिए कई बड़े बदलाव लागू हुए हैं। Ministry of Petroleum and Natural Gas द्वारा इन नए नियमों का मकसद सब्सिडी का सही इस्तेमाल और सिस्टम में ट्रांसपेरेंसी बढ़ाना है। अब सरकार ऐसे घरों की पहचान कर रही है, जिनके पास LPG और पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) दोनों कनेक्शन हैं। चलिए जानते हैं आज से कौन-कौन से नियम बदले हैं।
1. PNG वालों को छोड़ना होगा LPG
14 मार्च के संशोधन के बाद अब जिन घरों में PNG कनेक्शन है, उन्हें LPG कनेक्शन सरेंडर करना होगा। ऐसे उपभोक्ता न तो नए LPG कनेक्शन ले सकेंगे और न ही रिफिल बुक कर पाएंगे। तेल कंपनियों और डिस्ट्रीब्यूटर्स को भी ऐसे ग्राहकों को सप्लाई न करने का निर्देश दिया गया है। सरकार का फोकस अब उन घरों पर है, जहां PNG की पहुंच नहीं है।
अधिकारियों के मुताबिक अब तक 43,000 से ज्यादा उपभोक्ता LPG कनेक्शन छोड़ चुके हैं, लेकिन आने वाले समय में यह संख्या और बढ़ने की उम्मीद है।
2. डिलीवरी पर अब OTP जरूरी और
नए नियमों के तहत Indane, Bharat Gas और HP Gas के ग्राहकों के लिए OTP-आधारित डिलीवरी अनिवार्य कर दी गई है। साथ ही KYC अपडेट भी जरूरी होगा। इसके अलावा बुकिंग गैप को भी बढ़ा दिया गया है।
3. बुकिंग पर सख्ती
शहरों में 25 दिन और ग्रामीण इलाकों में 45 दिन के बाद ही नया सिलेंडर बुक किया जा सकेगा।
कमर्शियल सिलेंडर महंगे, घरेलू दर स्थिर
आज से 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल गैस सिलेंडर 993 रुपये तक और 5 किलो वाला छोटू सिलेंडर 216 रुपये तक महंगा हुआ है। हालांकि 14.2 किलो घरेलू सिलेंडर की कीमत अभी भी स्थिर है।
घरेलू गैस के अलावा पेट्रोल और डीजल के दाम भी नहीं बदले हैं। दिल्ली में पेट्रोल 94.77 रुपये और डीजल 87.67 रुपये प्रति लीटर पर बना हुआ है।
तेल कंपनियों पर बढ़ा दबाव
मौजूदा कीमतों पर तेल मार्केटिंग कंपनियों को प्रति सिलेंडर करीब 380 रुपये का अंडर-रिकवरी झेलना पड़ रहा है। मई के अंत तक कुल नुकसान 40,484 करोड़ रुपये तक पहुंचने का अनुमान है। सरकार का कहना है कि पश्चिम एशिया में तनाव और ग्लोबल सप्लाई चुनौतियों के बावजूद घरेलू LPG, PNG और CNG की सप्लाई 100% बनी हुई है।

