Farmer Protest : प्रदर्शनकारी किसानों का Delhi कूच, Shambhu Border पर Haryana Police ने दागे आंसू गैस के गोले
एमएसपी की मांग को लेकर किसान आज दिल्ली कूच की तैयारी में हैं। अंबाला के शंभू बॉर्डर पर प्रदर्शनकारी किसान गैस मास्क, जेसीबी और बुलडोजर लेकर जमा हुए हैं। सूत्रों के अनुसार, केंद्र ने अनुमान लगाया है कि 1200 ट्रैक्टर-ट्रॉलियों, 300 कारों, 10 मिनी बसों और छोटे वाहनों के साथ लगभग 14000 किसान पंजाब-हरियाणा सीमा पर जमा हुए हैं।

MSP समेत कई अन्य मांगों को लेकर किसान बीते कई दिनों से Punjab और Haryana के Shambhu Border पर धरना दे रहे हैं। धरना दे रहे प्रदर्शनकारी आज सुबह 11 बजे दिल्ली रवाना हुए। बताया गया कि शंभू बॉर्डर के साथ खनौरी बॉर्डर से भी किसान दिल्ली जाने के लिए हरियाणा में दाखिल होंगे। हालांकि, शंभू बॉर्डर पर सीमेंट के गार्डर, कंटीली तारें बिछाकर कई लेयर बैरिकेडिंग की गई है ताकि प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोका जा सके। लेकिन, इस बार प्रदर्शनकारी भी पूरी तैयारी के साथ आए हैं। बॉर्डर पर बैरिकेडिंग तोड़ने के लिए किसान JCB और हाईड्रोलिक क्रेन जैसी हैवी मशीनें लेकर पहुंचे हैं। इतना ही नहीं, दावा है कि बुलेटप्रूफ पोकलेन मशीन भी लाई गई हैं और इनको इस तरह से डिजाइन किया गया है कि इन पर आंसू गैस के गोलों का भी असर न हो। अब तक सरकार और किसान संगठनों के बीच चार दौर की वार्ता हुई है। चौथे दौर की वार्ता के दौरान सरकार ने पांच फसलों पर MSP का एक प्रस्ताव भी रखा था, लेकिन सोमवार रात किसान संगठनों ने उस प्रस्ताव को नामंजूर कर दिया और दिल्ली तक मार्च करने का फैसला कर लिया। मार्च के लिए किसानों ने बुलडोजर और पोकलेन जैसी मशीनों का इंतजाम भी कर लिया है।
शंभू बॉर्डर पर हरियाणा पुलिस ने दागे आंसू गैस के 16 गोले
एमएसपी समेत कई मांगों को लेकर पंजाब-हरियाणा सीमा पर किसान टिके हुए हैं और दिल्ली कूच की कोशिश कर रहे हैं। किसानों को रोकने के लिए हरियाणा पुलिस ने प्रदर्शनकारी किसानों पर आंसू गैस के 16 गोले दागे हैं।
सरकार पांचवें दौर की बातचीत के लिए तैयार: अर्जुन मुंडा
कृषि मंत्री अर्जुन मुंडा ने किसान आंदोलन के बीच ट्वीट कर कहा, 'सरकार चौथे दौर के बाद पांचवें दौर में सभी मुद्दे जैसे कि MSP की मांग, crop diversification, पराली का विषय, पर बातचीत के लिए तैयार है। मैं दोबारा किसान नेताओं को चर्चा के लिए आमंत्रित करता हूं। हमें शांति बनाए रखना जरूरी है।'
पुलिस ने स्टोर किए 30 हजार आंसू गैस के गोले
पुलिस उपायुक्त (बाहरी) जिमी चिराम ने कहा कि दिल्ली-हरियाणा सीमा पर अर्द्धसैन्य कर्मियों के अलावा पर्याप्त बल तैनात किया गया है। एक अन्य अधिकारी ने बताया कि दिल्ली पुलिस शहर की सीमाओं पर ही किसानों को रोकने के लिए तैयार हैं। उन्होंने बताया कि सुरक्षा कर्मियों को एक भी प्रदर्शनकारी या वाहन को दिल्ली में प्रवेश न करने देने का निर्देश दिया गया है। किसानों को रोकने के लिए पुलिस ने अभ्यास भी किया है। दिल्ली पुलिस ने पहले ही आंसू गैस के 30,000 गोलों का भंडार किया हुआ है।
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13 फरवरी को शंभू बॉर्डर पर हुई थी किसानों और पुलिस की झड़प
संयुक्त किसान मोर्चा और किसान मजदूर मोर्चा ‘दिल्ली चलो’ मार्च का नेतृत्व कर रहे हैं। प्रदर्शनरत किसानों और हरियाणा पुलिसकर्मियों के बीच 13 फरवरी को अंबाला के समीप पंजाब-हरियाणा सीमा (शंभू बॉर्डर) पर झड़प हुई थी। दिल्ली और हरियाणा के दो सीमा बिंदू- टीकरी और सिंघू को भारी संख्या में पुलिसकर्मियों और अर्द्धसैन्य बलों की तैनाती तथा कई चरणों में कंक्रीट के अवरोधक और लोहे की कीलें लगाकर सील कर दिया गया है। गाजीपुर सीमा की दो लेन को भी कई चरणों में अवरोधक लगाकर और पुलिसकर्मियों को तैनात कर बंद कर दिया गया है।
पुलिस ने दिल्ली की सीमाओं पर बढ़ाई सुरक्षा
दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारी किसानों के ‘दिल्ली चलो’ मार्च फिर से शुरू करने की घोषणा के बाद राष्ट्रीय राजधानी में सुरक्षा बढ़ा दी है। सुरक्षाकर्मियों को टीकरी, सिंघू और गाजीपुर सीमाओं पर कड़ी निगरानी करने का निर्देश दिया है। बता दें कि किसानों ने सरकारी एजेंसियों द्वारा पांच साल तक दालें, मक्का और कपास न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीदने के केंद्र के प्रस्ताव को खारिज कर दिया है और अपना आंदोलन जारी रखने की घोषणा की है। कानून- व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी सुरक्षा बल तैनात करने के बाद दिल्ली-गुरुग्राम, दिल्ली-बहादुरगढ़ और कई अन्य सड़कों पर यातायात बाधित रहा।
अंबाला के शंभू बॉर्डर पर गैस मास्क, JCB और बुलडोजर लेकर पहुंचे प्रदर्शनकारी
एमएसपी की मांग को लेकर किसान आज दिल्ली कूच की तैयारी में हैं। अंबाला के शंभू बॉर्डर पर प्रदर्शनकारी किसान गैस मास्क, जेसीबी और बुलडोजर लेकर जमा हुए हैं। सूत्रों के अनुसार, केंद्र ने अनुमान लगाया है कि 1200 ट्रैक्टर-ट्रॉलियों, 300 कारों, 10 मिनी बसों और छोटे वाहनों के साथ लगभग 14000 किसान पंजाब-हरियाणा सीमा पर जमा हुए हैं। केंद्र सरकार ने पंजाब की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाया है और राज्य सरकार को कानून तोड़ने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने पंजाब सरकार को लिखे पत्र में कहा है कि किसानों की आड़ में कई उपद्रवी पंजाब और हरियाणा सीमा पर भारी मशीनरी जुटा रहे हैं।