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BTTV Exclusive: Mumbai से कारोबार समेटकर Surat क्यों जा रहे हैं डायमंड कारोबारी

मुंबई से अपना कारोबार पूर्ण रूप से समेटने वाले सूरत के बड़े डायमंड कारोबारी वल्लभभाई लखानी किरण डायमंड एक्सपोर्ट के नाम से डायमंड का कारोबार देश और दुनिया में करते हैं । वल्लभभाई लखानी दुनिया के देशों में अपना डायमंड भेजने के लिए मुंबई में पिछले तीस साल से ऑफिस खोल कर रखे थे ।

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पिछले कुछ महीनों में मुंबई के डायमंड कारोबारी अब सूरत का रूख कर रहे हैं
पिछले कुछ महीनों में मुंबई के डायमंड कारोबारी अब सूरत का रूख कर रहे हैं

पिछले कुछ महीनों में Mumbai के Diamond कारोबारी अब Surat का रूख कर रहे हैं। आखिर ऐसा क्या हो गया है कि सारे डायमंड कारोबारी अब सूरत में जाकर बसना चाहते हैं। बीटी बाज़ार के संवाददाता संजय सिंह राठौर की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट के मुताबिक सूरत सिटी की डायमंड फैक्ट्रियों में तराशे गए डायमंड देश और दुनिया के अलग-अलग देश में निर्यात किए जाते हैं। लाखों लोगों को यह डायमंड उद्योग रोजगार देता है। सूरत की डायमंड की फैक्ट्रियों में तराशे जाने वाले डायमंड दुनियां के अलग अलग देशों में भेजे जाते हैं। लेकिन हाल ही में दुनिया के सबसे बड़े डायमंड हब Surat Diamond Bourse में वह सब मौजूद है जिसे सूरत के डायमंड कारोबारों की जरूरत थी । यही वजह है कि अब मुंबई के जरिए दुनिया में डायमंड कारोबार करने वाले सूरत के डायमंड कारोबारी मुंबई से अपना डायमंड कारोबार समेट कर सूरत में पलायन कर रहे हैं। सूरत डायमंड एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष और सूरत डायमंड बुर्स के कमेटी सदस्य Dinesh Bhai Navadiya ने बताया कि सरकार द्वारा सूरत के खजोद इलाके में घोषित किए गए ड्रीम सिटी प्रोजेक्ट की 67 लाख वर्ग फुट की जमीन पर 14 -14 मंजिला के 9 टावर तैयार किए गए हैं । इन टावर में अलग अलग डायमंड कंपनियों की 4300 ऑफिस है । इन ऑफिस को बिल्डिंग्स तैयार होने से पहले ही डायमंड कारोबारियो द्वारा खरीद लिया गया था। तकरीबन 3400 करोड रुपए की लागत से इस Surat Diamond Exchange को तैयार किया गया है। 

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दिनेश भाई का कहना है कि कि अभी तक दुनिया के अलग-अलग देश में डायमंड भेजने के लिए सूरत के कारोबारियों को मुंबई में अपना अलग से ऑफिस स्टाफ रखना पड़ता था , लेकिन अब सूरत डायमंड एक्सचेंज में वह सारी सुविधाएं हैं जो डायमंड कारोबारी को चाहिए । दुनिया का सबसे बड़ा कस्टम हाउस बनकर तैयार हो चुका है । सूरत एयरपोर्ट से अब इंटरनेशनल फ्लाइट्स भी शुरू हो जाएंगे जिससे अब सूरत के डायमंड कारोबारी मुंबई के बजाय सूरत से ही अपने डायमंड कारोबार को दुनिया भर में कर सकेंगे । सूरत दिनेश भाई ने बताया कि सूरत डायमंड एक्सचेंज के शुरू होने से सूरत के रियल स्टेट को भी बहुत बड़ा फायदा हुआ है । क्योंकि जो भी लोग मुंबई से शिफ्ट कर रहे हैं उन्हें एक नए मकान की जरूरत होती है तो लोग अपने नए मकान खरीद रहे हैं और खरीद लिए हैं । इसके अलावा स्कूल कॉलेज में भी स्टूडेंटों की संख्या बढ़ रही है । शॉपिंग शॉपिंग मॉल में खरीदारों की संख्या बढ़ रही है । सूरत डायमंड एक्सचेंज शुरू होने से सूरत के हर क्षेत्र के लोगों को फायदा मिलेगा साथ ही साथ करीबन 1 लाख लोगों को एक छत के नीचे रोजगार भी मिलेगा । दिनेश भाई ने बताया कि सूरत डायमंड बुर्स के शुरू होने से मुंबई में चलने वाली सूरत के डायमंड कारोबारी की करीबन 1000 ऑफिस हमेशा के लिए बंद हो जाएगी । इससे मुंबई और महाराष्ट्र सरकार को टैक्स में भी करोड़ों रुपए का घाटा होगा।

दुनिया के सबसे बड़े डायमंड हब Surat Diamond Bourse में वह सब मौजूद है जिसे सूरत के डायमंड कारोबारों की जरूरत थी
दुनिया के सबसे बड़े डायमंड हब Surat Diamond Bourse में वह सब मौजूद है जिसे सूरत के डायमंड कारोबारों की जरूरत थी