बेंगलुरु में 50 फीसदी किराया बढ़ाने की मांग पर बढ़ा विवाद, कारोबारी की पोस्ट वायरल
बेंगलुरु में बढ़ते किराए को लेकर एक नया मामला चर्चा में है। एक्टर और कारोबारी वसंत मारिमुथु ने आरोप लगाया कि मकान मालकिन ने पहले 50% किराया बढ़ाने की मांग की और फिर नया एग्रीमेंट मांगने पर 30 दिन में घर खाली करने का नोटिस दे दिया। इससे सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई।

In Short
- बेंगलुरु के कारोबारी वसंत मारिमुथु ने मकान मालकिन पर 50% किराया बढ़ाने का आरोप लगाया।
- नया रेंट एग्रीमेंट मांगने के बाद 30 दिन में घर खाली करने का नोटिस मिलने का दावा।
- मामले के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर किराया, कानून और नैतिकता को लेकर बहस तेज।
Bengaluru rent hike: बेंगलुरु में लगातार बढ़ते मकान किराए से लोग परेशान हैं। अब शहर से ऐसा ही एक मामला सामने आया है, जिसमें एक एक्टर और कारोबारी ने अपनी मकान मालकिन पर किराया अचानक 50 फीसदी बढ़ाने और बाद में घर खाली कराने का आरोप लगाया है।
‘तीस्त्रा लाइफस्टाइल’ के फाउंडर और सीईओ वसंत मारिमुथु ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इस मामले की जानकारी दी। उन्होंने मकान मालकिन के रवैये पर नाराजगी जताते हुए इसे लालच बताया।
हर बार सामान्य सीमा से ज्यादा बढ़ा किराया
वसंत के मुताबिक, उनकी मकान मालकिन हर बार किराया सामान्य तौर पर होने वाली 5 से 10 फीसदी की बढ़ोतरी से ज्यादा बढ़ाती रही हैं। इस बार उन्होंने एक साथ 50 फीसदी किराया बढ़ाने की मांग कर दी।
वसंत ने बढ़े हुए किराए के लिए नया रेंट एग्रीमेंट बनाने को कहा। उनका कहना है कि इस मांग के करीब एक हफ्ते बाद मकान मालकिन ने बताया कि उनकी बहन उस घर में रहने आ रही हैं। इसके बाद वसंत को 30 दिन के भीतर मकान खाली करने के लिए कह दिया गया।
पांच साल से रह रहे थे उसी घर में
वसंत पिछले पांच साल से उसी मकान में रह रहे थे। ऐसे में अचानक केवल 30 दिन में घर खाली करने के लिए कहे जाने से उनकी परेशानी बढ़ गई।
उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि मकान मालकिन हर बार तय सीमा से ज्यादा किराया बढ़ाती रही हैं। इस साल 50 फीसदी बढ़ोतरी मांगे जाने पर उन्होंने नया एग्रीमेंट बनाने की मांग की थी। इसके बाद उन्हें बताया गया कि मकान मालकिन की बहन वहां रहने आएंगी, इसलिए मकान खाली करना होगा।
वसंत ने यह भी कहा कि मकान मालकिन का परिवार डॉक्टरों का है और आर्थिक रूप से मजबूत परिवार से आता है।
सोशल मीडिया पर बंटी लोगों की राय
मामला सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर किराया बढ़ाने, मकान खाली कराने और मकान मालिकों के अधिकारों को लेकर बहस शुरू हो गई।
एक यूजर ने मकान मालकिन का पक्ष लेते हुए कहा कि इसे लालच कहा जा सकता है, लेकिन हर व्यक्ति अपने फायदे और अपनी स्थिति का इस्तेमाल करता है।
इस पर वसंत ने जवाब दिया कि किसी वादे के बाद अपनी स्थिति का गलत फायदा उठाना ठीक नहीं है। उन्होंने कहा कि चल रहे एग्रीमेंट के बीच सिर्फ 30 दिन का नोटिस देकर मकान खाली कराना लालच जैसा है।
वहीं, एक अन्य यूजर ने कानूनी पक्ष की बात की। यूजर के मुताबिक, अगर रेंट एग्रीमेंट में खुद के इस्तेमाल के लिए 30 दिन का नोटिस देकर मकान खाली कराने की शर्त है, तो मकान मालकिन कानूनी तौर पर सही हो सकती हैं। हालांकि 50 फीसदी किराया बढ़ाना लोगों को गलत लग सकता है, लेकिन कानून और नैतिकता हमेशा एक जैसी नहीं होतीं।

