
SBI Life की इस स्कीम में हर महीने मिलेगी तय इनकम! मैच्योरिटी पर 110% प्रीमियम वापसी का फायदा
अगर आप बिना शेयर बाजार का जोखिम उठाए हर महीने तय इनकम चाहते हैं, तो SBI Life की एक खास स्कीम आपके काम आ सकती है. इसमें नियमित कमाई के साथ मैच्योरिटी पर प्रीमियम वापसी और लोन की सुविधा भी मिलती है. जानिए कितना निवेश करना होगा और क्या हैं जरूरी शर्तें.

In Short
- SBI Life Smart Platina Plus में पॉलिसी की शर्तों के मुताबिक मासिक, तिमाही, छमाही या सालाना गारंटीड इनकम का विकल्प मिलता है.
- इस योजना में न्यूनतम सालाना प्रीमियम ₹50,000 है और 6, 7, 8 या 10 साल तक प्रीमियम भरने का विकल्प मिलता है.
- मैच्योरिटी पर पात्र प्रीमियम का 110% वापस मिलने का प्रावधान है, साथ ही तय शर्तों के तहत पॉलिसी पर लोन की सुविधा भी मिलती है.
अगर आप शेयर बाजार के उतार-चढ़ाव से दूर रहकर हर महीने एक तय इनकम चाहते हैं, तो SBI Life की स्मार्ट प्लेटिना प्लस स्कीम आपके काम आ सकती है. इस प्लान में गारंटीड इनकम के साथ लाइफ इंश्योरेंस कवर भी मिलता है. इसमें सालाना कम से कम 50,000 रुपये प्रीमियम देना होता है. आइए जानते हैं इस योजना के फायदे और जरूरी शर्तें.
क्या है SBI Life Smart Platina Plus?
एसबीआई लाइफ स्मार्ट प्लेटिना प्लस एक नॉन-लिंक्ड और नॉन-पार्टिसिपेटिंग लाइफ इंश्योरेंस सेविंग्स प्लान है. इसका मतलब है कि इस योजना में मिलने वाला रिटर्न सीधे शेयर बाजार से जुड़ा नहीं होता. साथ ही बीमा कंपनी के मुनाफे में बोनस के रूप में हिस्सेदारी भी नहीं मिलती. पॉलिसी में गारंटीड लाभ पहले से तय शर्तों के मुताबिक दिए जाते हैं.
हर महीने कैसे मिलेगी गारंटीड इनकम?
इस स्कीम में इनकम के दो विकल्प मिलते हैं. पहला गारंटीड इनकम ऑप्शन और दूसरा लाइफ इनकम ऑप्शन. दोनों में पॉलिसी की शर्तों के अनुसार नियमित इनकम मिलती है. ग्राहक अपनी जरूरत के हिसाब से मासिक, तिमाही, छमाही या सालाना भुगतान का विकल्प चुन सकते हैं.
कितने साल तक भरना होगा प्रीमियम?
इस योजना में प्रीमियम भरने के लिए 6, 7, 8 और 10 साल के विकल्प मिलते हैं. न्यूनतम सालाना प्रीमियम 50,000 रुपये है, जबकि न्यूनतम बीमा राशि 5.50 लाख रुपये रखी गई है. ग्राहक अपनी जरूरत के मुताबिक प्रीमियम भुगतान की अवधि चुन सकते हैं.

मैच्योरिटी पर कितना मिलेगा पैसा?
इस प्लान में तय शर्तों के तहत मैच्योरिटी पर कुल पात्र प्रीमियम का 110% वापस मिलने का प्रावधान है. उदाहरण के लिए, अगर कुल पात्र प्रीमियम 5 लाख रुपये है, तो उसका 110% यानी 5.50 लाख रुपये होगा. हालांकि, यह सिर्फ गणना समझाने के लिए है. वास्तविक भुगतान चुने गए विकल्प और पॉलिसी की शर्तों पर निर्भर करेगा.
जरूरत पड़ने पर मिलेगा लोन
इस योजना में पॉलिसी के बदले लोन लेने की सुविधा भी है. कम से कम दो साल का पूरा प्रीमियम भरने और सरेंडर वैल्यू बनने के बाद उस वैल्यू के 50% तक लोन लिया जा सकता है. इसके लिए ब्याज और अन्य शर्तें लागू होंगी.
मृत्यु होने पर परिवार को क्या मिलेगा?
पॉलिसी अवधि के दौरान बीमाधारक की मृत्यु होने पर नॉमिनी को नियमों के मुताबिक डेथ बेनिफिट मिलता है. कुछ परिस्थितियों में गारंटीड इनकम का भुगतान भी जारी रह सकता है. अतिरिक्त सुरक्षा के लिए एक्सीडेंटल बेनिफिट और वेवर ऑफ प्रीमियम जैसे राइडर के विकल्प भी उपलब्ध हैं.
पॉलिसी खरीदने से पहले रखें ध्यान
इस प्लान को लेने से पहले इनकम शुरू होने का समय, भुगतान की अवधि और कुल प्रीमियम जरूर समझें. साथ ही बीच में पॉलिसी बंद करने पर होने वाले संभावित नुकसान और मैच्योरिटी की शर्तों की भी जांच करें.

