
60 रुपये किलो तक पहुंचा प्याज, अब सरकार ने उठाया बड़ा कदम; जानें क्या है प्लान
त्योहारी सीजन से पहले प्याज की बढ़ती कीमतों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। रिटेल मार्केट में भाव बढ़ने के बाद सरकार ने बफर स्टॉक से प्याज की सप्लाई शुरू कर दी है। नासिक से कांदा एक्सप्रेस रवाना हुई है और कई शहरों में सस्ती प्याज पहुंचाई जा रही है।

In Short
- प्याज की बढ़ती कीमतों के बीच सरकार ने बफर स्टॉक से सप्लाई शुरू की, ताकि त्योहारों से पहले कीमतों पर नियंत्रण रखा जा सके।
- नासिक से पहली कांदा एक्सप्रेस दिल्ली के लिए रवाना हुई, इसके अलावा कई शहरों तक प्याज पहुंचाने की तैयारी की गई है।
- दिल्ली समेत कई जगहों पर NCCF और NAFED के आउटलेट्स से 35 रुपये प्रति किलो के भाव पर प्याज की बिक्री शुरू हुई।
फेस्टिव सीजन से पहले जहां चीनी की बढ़ती कीमतों ने लोगों की चिंता बढ़ाई है, वहीं अब रसोई में रोज इस्तेमाल होने वाली प्याज भी महंगी हो गई है। बीते दिनों प्याज की कीमत रिटेल मार्केट में करीब 60 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई थी। कीमतों में इस बढ़ोतरी को देखते हुए केंद्र सरकार ने प्याज की उपलब्धता बनाए रखने के लिए कई कदम उठाने शुरू कर दिए हैं।
सरकार ने खोला प्याज का बफर स्टॉक
प्याज की बढ़ती कीमतों और त्योहारी मांग को देखते हुए सरकार ने अपने बफर भंडार से प्याज की सप्लाई शुरू कर दी है। सरकार का कहना है कि आने वाले महीनों में घरेलू मांग को पूरा करने के लिए देश में प्याज का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है।
मौसम से जुड़े कारणों की वजह से कीमतों पर बढ़ रहे दबाव को कम करने के लिए प्याज के बफर स्टॉक को चरणबद्ध तरीके से बाजार में उतारा जा रहा है।
नासिक से रवाना हुई कांदा एक्सप्रेस
प्याज की सप्लाई को बेहतर बनाने के लिए नासिक से पहली कांदा एक्सप्रेस नई दिल्ली के लिए रवाना की गई है। इसके अलावा 10 से ज्यादा जगहों तक प्याज पहुंचाने के लिए 15 से अधिक ट्रकों को भेजने की योजना बनाई गई है।

सरकार प्याज की सप्लाई के लिए रेलवे और सड़क परिवहन दोनों का इस्तेमाल कर रही है। इसके लिए हाइब्रिड लॉजिस्टिक्स मॉडल अपनाया जा रहा है ताकि अलग अलग शहरों में समय पर प्याज पहुंचाई जा सके।
35 रुपये किलो में मिलेगी प्याज
सरकार ने प्याज की खुदरा बिक्री 35 रुपये प्रति किलो के भाव पर शुरू कर दी है। इसके लिए दिल्ली में NCCF और NAFED के आउटलेट्स के अलावा मोबाइल वैन, सफल और केंद्रीय भंडार के आउटलेट्स का इस्तेमाल किया जा रहा है।
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इस कदम को त्योहारों और शादियों के सीजन से पहले उठाया गया है क्योंकि इस दौरान प्याज की मांग आमतौर पर बढ़ जाती है।
इन शहरों तक पहुंचाई जा रही प्याज
फिलहाल नासिक से दिल्ली एनसीआर के लिए प्याज भेजी जा रही है। इसके अलावा चेन्नई, कोलकाता, अर्नाकुलम, गुवाहाटी, वाराणसी, लखनऊ, पटना, चंडीगढ़, जम्मू और अमृतसर जैसे शहरों तक भी प्याज की खेप पहुंचाई जा रही है।
प्याज के स्टॉक को रखने के लिए पहली बार सेंट्रल वेयरहाउसिंग कॉर्पोरेशन को भंडारण एजेंसी बनाया गया है।
26 अगस्त तक क्या रहा प्याज का भाव?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, 26 अगस्त तक देश में प्याज का औसत खुदरा भाव 37.87 रुपये प्रति किलो था। वहीं टमाटर की औसत कीमत 38.33 रुपये और आलू की कीमत 22.63 रुपये प्रति किलो दर्ज की गई।
सरकार की कोशिश है कि बफर स्टॉक और बेहतर सप्लाई व्यवस्था के जरिए आने वाले दिनों में प्याज की कीमतों पर नियंत्रण रखा जा सके।

