Insurance Rules: 2027 से बदल सकते हैं बीमा के नियम! कमीशन पर लगेगी सीमा, क्या सस्ती होंगी आपकी पॉलिसियां?
लाइफ और हेल्थ इंश्योरेंस खरीदने वालों के लिए आने वाला साल अहम हो सकता है। बीमा नियामक IRDAI एजेंटों और ब्रोकरों को मिलने वाले कमीशन पर सीमा लगाने की तैयारी कर रहा है। नए नियम जनवरी या अप्रैल 2027 से लागू हो सकते हैं। इससे पॉलिसियों की कीमतों पर क्या असर पड़ेगा? वहीं, बीमा कारोबार से जुड़े संगठन लाखों नौकरियों पर असर पड़ने की आशंका क्यों जता रहे हैं?

In Short
- IRDAI जनवरी या अप्रैल 2027 से नए कमीशन नियम लागू करने पर विचार कर रहा है।
- प्रस्ताव का मकसद बीमा बेचने का खर्च कम करना और कवरेज बढ़ाना है।
- बीमा ब्रोकरों ने नए नियमों से 10 लाख नौकरियां प्रभावित होने की आशंका जताई।
अगर आप लाइफ इंश्योरेंस या हेल्थ इंश्योरेंस खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो आपके लिए जरूरी खबर है। भारतीय बीमा नियामक एवं विकास प्राधिकरण (IRDAI) बीमा बेचने वाले एजेंटों, ब्रोकरों और दूसरी कंपनियों को मिलने वाले कमीशन पर सीमा तय करने की तैयारी कर रहा है। नए नियम 1 जनवरी या 1 अप्रैल 2027 से लागू हो सकते हैं।
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, IRDAI इन दोनों तारीखों पर विचार कर रहा है। हालांकि, अभी कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है।
कमीशन पर सीमा क्यों लगाना चाहता है IRDAI?
IRDAI का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में बीमा बेचने का खर्च तेजी से बढ़ा है, लेकिन उसी रफ्तार से बीमा खरीदने वालों की संख्या नहीं बढ़ी।
रिपोर्ट के मुताबिक, निजी जीवन बीमा कंपनियों का खर्च कुल प्रीमियम के करीब 16% से बढ़कर 22% हो गया है। वहीं, निजी जनरल इंश्योरेंस कंपनियों का खर्च लगभग 25% से बढ़कर 32% पहुंच गया है।
कई मामलों में बीमा बेचने वाले डिस्ट्रीब्यूटर्स को मूल कमीशन के अलावा 30% से 60% तक अतिरिक्त प्रोत्साहन भी दिया जाता है।
क्या सस्ती होंगी बीमा पॉलिसियां?
नए नियमों का मकसद बीमा बेचने का खर्च कम करना और ज्यादा लोगों तक बीमा पहुंचाना है। इससे भविष्य में पॉलिसियों की कीमतों पर सकारात्मक असर पड़ सकता है।
हालांकि, कमीशन घटने से प्रीमियम अपने आप कम हो जाएगा, इसकी गारंटी नहीं है।
10 लाख नौकरियों पर असर पड़ने की आशंका
प्रस्तावित बदलावों का बीमा ब्रोकरों, बैंकों और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स ने विरोध किया है।
इंश्योरेंस ब्रोकर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया के मुताबिक, इन नियमों से करीब 10 लाख नौकरियां प्रभावित हो सकती हैं। कुछ कारोबारों की कमीशन से होने वाली कमाई में भी बड़ी गिरावट आने की आशंका है।
हालांकि, IRDAI की अधिकारी गिरिजा सुब्रमण्यम का कहना है कि नए नियम छोटे शहरों और ग्रामीण इलाकों में बीमा कारोबार बढ़ाकर रोजगार के नए अवसर पैदा कर सकते हैं।
छोटे शहरों में मिलेगा अतिरिक्त कमीशन
IRDAI छोटे शहरों में बीमा बेचने वालों को अतिरिक्त प्रोत्साहन देने पर भी विचार कर रहा है।
10 लाख से कम आबादी वाले शहरों में तय कमीशन सीमा के ऊपर 10% और 50,000 से कम आबादी वाले इलाकों में 20% तक अतिरिक्त प्रोत्साहन देने का प्रस्ताव है।
नए नियम कब लागू होंगे?
फिलहाल 1 जनवरी और 1 अप्रैल 2027 की तारीखों पर विचार चल रहा है। संबंधित पक्ष 25 अक्टूबर तक प्रस्ताव पर अपनी राय दे सकते हैं।
इसके बाद IRDAI मसौदा नियम जारी करेगा और दोबारा सुझाव मांगेगा। बीमा कंपनियों के प्रबंधन खर्च में कटौती पांच वर्षों में धीरे-धीरे लागू करने की योजना है।
यानी बीमा कमीशन के नए नियम अभी प्रस्ताव के स्तर पर हैं। अंतिम फैसला आने के बाद ही साफ होगा कि बीमा कंपनियों, एजेंटों और पॉलिसी खरीदने वालों पर कितना असर पड़ेगा।

