
दुबई एयरपोर्ट पर ईरान वार का बड़ा असर! पहली छमाही में 31% गिरा पैसेंजर ट्रैफिक, अब रिकवरी की उम्मीद
ईरान युद्ध का असर दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पैसेंजर ट्रैफिक पर पड़ा है। साल की पहली छमाही में यात्रियों की संख्या 31% घटकर 3.15 करोड़ रह गई। हालांकि मई और जून में ट्रैफिक बढ़ा और एयरपोर्ट को दूसरी छमाही में मांग में सुधार की उम्मीद है।

In Short
- दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर पहली छमाही में यात्रियों की संख्या 31% घटी।
- दूसरी तिमाही में 1.3 करोड़ और पहली छमाही में कुल 3.15 करोड़ यात्री रहे।
- एयरपोर्ट को दूसरी छमाही में एयरलाइन नेटवर्क रिकवरी से ट्रैफिक बढ़ने की उम्मीद।
ईरान युद्ध का असर अब दुनिया के सबसे बड़े इंटरनेशनल एविएशन हब में शामिल दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर भी साफ दिख रहा है। साल की पहली छमाही में एयरपोर्ट से सफर करने वाले यात्रियों की संख्या में करीब 31 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि एयरपोर्ट को उम्मीद है कि साल के बाकी महीनों में यात्री ट्रैफिक दोबारा बढ़ सकता है।
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने बताया कि दूसरी तिमाही में करीब 1.3 करोड़ यात्रियों ने एयरपोर्ट का इस्तेमाल किया। इसके साथ साल की पहली छमाही में कुल यात्रियों की संख्या 3.15 करोड़ रही। यह पिछले साल के रिकॉर्ड स्तर के मुकाबले 31 फीसदी कम है। हालांकि मई और जून के दौरान यात्री ट्रैफिक में बढ़ोतरी देखने को मिली।
दूसरी छमाही में ट्रैफिक बढ़ने की उम्मीद
दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट को साल की दूसरी छमाही को लेकर उम्मीद है। आमतौर पर यह समय यात्रियों के लिहाज से ज्यादा व्यस्त रहता है। एयरपोर्ट का कहना है कि एयरलाइंस के नेटवर्क में धीरे-धीरे सुधार हो रहा है और इंटरनेशनल ट्रांसफर पैसेंजर्स की संख्या भी बढ़ रही है।

इसके अलावा ट्रैवल एडवाइजरी में ढील और दुबई में होने वाले कई कार्यक्रमों से भी आने वाले महीनों में यात्रियों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है।
Iran War से बार-बार बाधित हुई उड़ानें
ईरान युद्ध के कारण एविएशन सेक्टर को लगातार मुश्किलों का सामना करना पड़ा है। संघर्ष के चलते दुनियाभर की कई उड़ानों के रूट बदले गए। इसका सीधा असर दुबई एयरपोर्ट के यात्री ट्रैफिक पर भी पड़ा।
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कंपनी ने मई में कहा था कि यात्रियों की संख्या में तेज गिरावट के कारण 10 करोड़ यात्रियों के अपने लक्ष्य को एक साल के लिए आगे बढ़ाना पड़ा है।
Emirates समेत बड़ी एयरलाइंस ने बदला नेटवर्क
युद्ध की स्थिति को देखते हुए क्षेत्र की बड़ी एयरलाइंस ने भी अपनी उड़ानों में बदलाव किए हैं। Emirates, Qatar Airways और Etihad Airways ने अपने ऑपरेशंस कम किए और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क को दोबारा तैयार किया ताकि युद्ध के दौरान बदली हुई मांग के हिसाब से सेवाएं चलाई जा सकें।
वहीं कई यूरोपीय एयरलाइंस ने भी क्षेत्र के बड़े हिस्से में अपनी सेवाएं रोक दी हैं। इनमें Bahrain और Israel जैसे बाजार शामिल हैं। सुरक्षा चिंताओं के चलते कई एयरलाइंस खाड़ी देशों के एयरस्पेस से भी बच रही हैं।
करीब 50 इंटरनेशनल एयरलाइंस की सेवाएं जारी
इन चुनौतियों के बावजूद दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर करीब 50 इंटरनेशनल एयरलाइंस की सेवाएं अभी भी जारी हैं। एयरपोर्ट को उम्मीद है कि नेटवर्क की रिकवरी और बढ़ते इंटरनेशनल ट्रांजिट ट्रैफिक के साथ दूसरी छमाही में स्थिति बेहतर हो सकती है।
