विदेश यात्रा होगी आसान! भारत में बनेंगे 4 हब एयरपोर्ट, छोटे शहरों को मिलेगा इंटरनेशनल फ्लाइट नेटवर्क
छोटे शहरों से विदेश जाने वाले पैसेंजर्स का सफर अब बदलने वाला है। सरकार और एयर इंडिया ने ऐसा एयर कनेक्ट मॉडल शुरू किया है, जिसमें चेक-इन, इमिग्रेशन और बैगेज की परेशानी कम होगी। जानिए यह नई सर्विस कैसे काम करेगी और किन शहरों को इसका फायदा मिलेगा।

In Short
- सरकार देश में 4 हब और 40 अन्य एयरपोर्ट डेवलप करेगी।
- अमृतसर से दिल्ली के रास्ते 27 इंटरनेशनल डेस्टिनेशन की कनेक्टिविटी मिलेगी।
- पैसेंजर्स अमृतसर में ही चेक-इन, इमिग्रेशन और बैगेज की प्रक्रिया पूरी कर सकेंगे।
भारत में छोटे शहरों से विदेश जाने वाले लोगों के लिए हवाई सफर को आसान बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। नई व्यवस्था का मकसद इन शहरों को बड़े एयरपोर्ट से जोड़ना है, ताकि इंटरनेशनल फ्लाइट पकड़ने में कम परेशानी हो और पूरा सफर आसान बन सके।
एयर इंडिया ने इस नए मॉडल पर काम शुरू कर दिया है। अब सवाल है कि इस एयर नेटवर्क के लिए देश में कितने बड़े हब एयरपोर्ट तैयार किए जाएंगे?
देश में तैयार होंगे 4 हब एयरपोर्ट
सिविल एविएशन सेक्रेटरी समीर कुमार सिन्हा ने मंगलवार को अमृतसर एयरपोर्ट पर बताया कि सरकार देश में 4 बड़े हब और 40 दूसरे एयरपोर्ट तैयार करेगी। इस तरह कुल 44 एयरपोर्ट का नेटवर्क बनाया जाएगा, जिससे छोटे शहरों से विदेश जाने वाली फ्लाइट पकड़ना आसान हो सकेगा।
अभी दिल्ली देश का अकेला हब एयरपोर्ट है। वाराणसी और अमृतसर को स्पोक एयरपोर्ट बनाया गया है, यानी यहां से लोगों को दिल्ली जैसे बड़े एयरपोर्ट के जरिए विदेश भेजा जाएगा। अहमदाबाद को अगला स्पोक एयरपोर्ट बनाया जाएगा।
अब सवाल है कि अमृतसर से शुरू हुई इस नई सर्विस के जरिए लोग किन विदेशी शहरों तक आसानी से जा सकेंगे?
अमृतसर से 27 विदेशी शहरों की कनेक्टिविटी
एयर इंडिया ने मंगलवार से अमृतसर में हब एंड स्पोक मॉडल के तहत फ्लाइट शुरू कर दी हैं। वाराणसी के बाद अमृतसर देश का दूसरा एयरपोर्ट है, जहां से यह नई सुविधा शुरू हुई है।
इस सर्विस के जरिए अमृतसर से विदेश जाने वाले लोग दिल्ली के रास्ते 27 इंटरनेशनल डेस्टिनेशन तक पहुंच सकेंगे। इनमें अमेरिका, कनाडा, ब्रिटेन, यूरोप, ऑस्ट्रेलिया, वेस्ट एशिया और साउथईस्ट एशिया के कई शहर शामिल हैं।
दिल्ली पहुंचने के चार घंटे के अंदर लोगों को आगे की इंटरनेशनल फ्लाइट मिल सकेगी। अब सवाल है कि बैगेज जमा करने और इमिग्रेशन का काम अमृतसर में होगा या दिल्ली में?
अमृतसर में ही होगा इमिग्रेशन और चेक-इन
एयर इंडिया ने इस सर्विस को ‘ईजी कनेक्ट’ नाम दिया है। इसके तहत विदेश जाने वाले लोग अमृतसर एयरपोर्ट पर ही अपनी आखिरी मंजिल तक चेक-इन कर सकेंगे। उनका बैगेज भी अमृतसर में ही जमा होगा और इमिग्रेशन का काम भी यहीं पूरा कर लिया जाएगा।
दिल्ली पहुंचने के बाद लोगों को न तो दोबारा बैगेज जमा करना होगा और न ही टर्मिनल बदलने की जरूरत पड़ेगी। एयर इंडिया मंगलवार से अमृतसर के लिए रोजाना दो ईजी कनेक्ट फ्लाइट चला रही है। अब सवाल है कि अमृतसर के बाद यह आसान फ्लाइट सर्विस किन दूसरे शहरों से शुरू की जाएगी?
अहमदाबाद , गोवा और कोच्चि भी प्लान में
एयर इंडिया आने वाले हफ्तों में अहमदाबाद, गोवा, कोच्चि और देश के दूसरे शहरों से भी ऐसी फ्लाइट शुरू करेगी। पहली ईजी कनेक्ट सर्विस 25 जून को वाराणसी से शुरू की गई थी।
सिविल एविएशन मिनिस्टर के राममोहन नायडू ने इसे भारत के लिए ‘एविएशन सॉवरेनिटी’ और बड़ा मौका बताया। उन्होंने कहा कि सरकार अगले 10 साल में 100 एयरपोर्ट और 200 हेलीपोर्ट तैयार करने का लक्ष्य लेकर चल रही है।

