दिवाली से पहले गोल्ड खरीदने का सही मौका या अभी और गिरेगा भाव? जानें एक्सपर्ट की राय
धनतेरस और दिवाली से पहले सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने के भाव में रिकवरी के संकेत हैं, लेकिन घरेलू बाजार में कीमतें दबाव में हैं। ऐसे में क्या अभी सोना खरीदना सही रहेगा या गिरावट का इंतजार करना बेहतर होगा?

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों में रिकवरी के संकेत दिख रहे हैं, लेकिन घरेलू बाजार में सोने की कीमतों पर अब भी दबाव बना हुआ है। धनतेरस और दिवाली करीब हैं। ऐसे में निवेशकों और ज्वेलरी खरीदारों की नजर इस बात पर है कि क्या सोना खरीदने का यह सही समय है या कीमतों में और गिरावट का इंतजार करना चाहिए।
बुधवार, 4 नवंबर को शुरुआती एशियाई कारोबार में अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड 0.18% की बढ़त के साथ करीब 3,947 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट इसकी एक बड़ी वजह रही। मंगलवार को क्रूड ऑयल करीब चार हफ्तों के निचले स्तर पर आ गया, जिससे महंगाई बढ़ने की चिंताएं कुछ कम हुईं। महंगाई का दबाव घटने से अमेरिकी फेडरल रिजर्व को ब्याज दरों पर दोबारा विचार करने की गुंजाइश मिल सकती है, जो सोने की कीमतों के लिए सकारात्मक संकेत है।
हालांकि, घरेलू बाजार में सोना दबाव में रहा। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर गोल्ड फ्यूचर्स करीब 1,39,180 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था। इसमें 0.20% यानी करीब 280 रुपये की गिरावट दर्ज की गई। घरेलू कीमतों पर दबाव की एक वजह अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की मजबूती भी है। मजबूत रुपया डॉलर में खरीदे जाने वाले सोने के आयात को सस्ता बनाता है, जिससे घरेलू कीमतों को कुछ राहत मिल सकती है।
निवेशकों की नजर भू-राजनीतिक घटनाक्रमों पर भी है। रूस, यूक्रेन और अमेरिका के बीच 10 और 11 नवंबर को अबू धाबी में शांति वार्ता होने वाली है। वहीं, ईरान-अमेरिका तनाव को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। अमेरिकी मिडटर्म चुनावों के नतीजे और आने वाले लेबर मार्केट के आंकड़े भी फेडरल रिजर्व के अगले कदम के संकेत दे सकते हैं।
क्या सोने में आगे तेजी आ सकती है?
SMC Global Securities की वंदना भारती के मुताबिक, निकट अवधि में सोना अपेक्षाकृत मजबूत नजर आ रहा है। उनका मानना है कि मौजूदा कंसोलिडेशन सोने की अगली तेजी के लिए आधार तैयार कर सकता है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में COMEX गोल्ड को 4,000 डॉलर प्रति औंस के ऊपर टिकना जरूरी है। इस स्तर के ऊपर मजबूत ब्रेकआउट आने पर कीमतें 4,200 डॉलर तक जा सकती हैं, जबकि 3,900 डॉलर अहम सपोर्ट रहेगा। MCX पर सोने का अगला टारगेट 1,42,000 रुपये प्रति 10 ग्राम है, जबकि 1,37,000 रुपये पर सपोर्ट है।

