EV रेस में Suzuki की नई तैयारी, कॉम्पैक्ट कारों के लिए लाएगी REEV Light टेक्नोलॉजी
EV सेगमेंट में अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए Suzuki नई रणनीति पर काम कर रही है। कंपनी कॉम्पैक्ट कारों के लिए REEV Light टेक्नोलॉजी तैयार करेगी, जिसमें जरूरत के हिसाब से बैटरी और पेट्रोल इंजन का इस्तेमाल होगा। बैटरी का चार्ज कम होने पर पेट्रोल इंजन बिजली पैदा करेगा, जिससे इलेक्ट्रिक मोटर को चलाने में मदद मिलेगी।

In Short
- Suzuki कॉम्पैक्ट कारों के लिए REEV Light टेक्नोलॉजी विकसित करने की तैयारी कर रही है।
- REEV बैटरी से चलता है, जबकि चार्ज कम होने पर पेट्रोल इंजन बिजली पैदा करने में मदद करता है।
- Suzuki BEV और HEV में डिजाइन और पार्ट्स साझा कर लागत कम करेगी।
इलेक्ट्रिक व्हीकल यानी EV की रेस में देर से उतरने वाली जापानी कार कंपनी Suzuki Motor Corporation अब कॉम्पैक्ट कार सेगमेंट में नई रणनीति पर काम कर रही है। Maruti Suzuki India की पैरेंट कंपनी Suzuki कई Range Extender Electric Vehicles यानी REEVs तैयार करने की योजना बना रही है। इन गाड़ियों को चार्ज करने के साथ ईंधन से पैदा होने वाली बिजली का भी इस्तेमाल किया जा सकेगा।
Suzuki Motor Corporation के Representative Director और President Toshihiro Suzuki ने कंपनी की Technology Strategy Briefing 2026 में इस योजना की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कॉम्पैक्ट कारों के लिए कंपनी ऐसी हाइब्रिड इलेक्ट्रिक व्हीकल सीरीज तैयार कर रही है, जिसमें ईंधन से बिजली पैदा होगी और गाड़ी इलेक्ट्रिक मोटर से चलेगी।
क्या होगा REEV Light?
Suzuki इस टेक्नोलॉजी में एक्सटर्नल चार्जिंग की सुविधा और जरूरत के हिसाब से बैटरी जोड़कर इसे हल्के Range Extender में बदलने की तैयारी कर रही है। कंपनी इसे “REEV Light” कह रही है।
इसका मकसद बहुत बड़ी बैटरी लगाने के बजाय ऐसी व्यवस्था तैयार करना है, जिससे ड्राइवर को बैटरी में बची हुई चार्जिंग की ज्यादा चिंता न करनी पड़े।
REEV मुख्य रूप से बैटरी से चलता है। लेकिन जब बैटरी का चार्ज कम होने लगता है, तो इसमें मौजूद पेट्रोल इंजन बिजली पैदा करने में मदद करता है। यह बिजली इलेक्ट्रिक मोटर को चलाने के काम आती है।
Suzuki की यह योजना ऐसे समय सामने आई है, जब भारत के प्रस्तावित CAFE 3 नियमों में इलेक्ट्रिक व्हीकल और Range Extender Hybrid Electric Vehicles के लिए 3 सुपर क्रेडिट का प्रस्ताव दिया गया है।
अलग-अलग कारों के लिए अलग रणनीति
Suzuki इन टेक्नोलॉजी को अलग-अलग विकसित करने के बजाय एक ही परिवार के रूप में तैयार करना चाहती है। इसके लिए कॉमन कोर प्लेटफॉर्म और बेसिक डिजाइन का इस्तेमाल किया जाएगा। इससे अलग-अलग व्हीकल सेगमेंट के हिसाब से इलेक्ट्रिफिकेशन सिस्टम में बदलाव करना आसान होगा।
मिनी व्हीकल के लिए भी Suzuki नया हाइब्रिड सिस्टम विकसित कर रही है। कंपनी का दावा है कि यह सिस्टम पारंपरिक ICE वाहन के मुकाबले CO₂ उत्सर्जन को 15% तक कम करेगा।
कंपनी BEV और HEV के बीच बेसिक डिजाइन, पार्ट्स और प्रोडक्शन इक्विपमेंट साझा करने की भी योजना बना रही है, ताकि नई टेक्नोलॉजी पर होने वाले निवेश को कम रखा जा सके।
Suzuki के अलावा SAIC Motor समर्थित JSW MG Motor India भी भारतीय बाजार के लिए REEV टेक्नोलॉजी पर विचार कर रही है। कंपनी के चेयरमैन Parth Jindal ने अगस्त में कहा था कि जरूरत पड़ने पर कंपनी भारत में REEV और HEV भी ला सकती है।

