दिल्ली-सैन फ्रांसिस्को, टोरंटो और पेरिस समेत कई इंटरनेशनल रूट्स पर एयर इंडिया ने घटाईं उड़ानें - चेक करें लिस्ट
कंपनी के अनुसार यह फैसला बढ़ती परिचालन लागत, दुनिया भर में कई रूट पर जारी हवाई क्षेत्र प्रतिबंध और अंतरराष्ट्रीय जेट ईंधन की रिकॉर्ड ऊंची कीमतों को देखते हुए लिया गया है।

एयर इंडिया अपने अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में अगस्त 2026 तक कटौती करने जा रही है। एयरलाइन ने कहा है कि कुछ रूटों पर उड़ानों की संख्या में कमी की जाएगी। जबकि कुछ सेवाएं अस्थायी रूप से निलंबित रहेंगी। कंपनी के अनुसार यह फैसला बढ़ती परिचालन लागत, दुनिया भर में कई रूट पर जारी हवाई क्षेत्र प्रतिबंध और अंतरराष्ट्रीय जेट ईंधन की रिकॉर्ड ऊंची कीमतों को देखते हुए लिया गया है।
हर महीने 1200 से अधिक अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट्स भरेगी उड़ान
एयर इंडिया का कहना है कि वो हर महीनें 1200 से अधिक अंतरराष्ट्रीय उड़ानें संचालित करेगी। हालांकि मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक पहले एयर इंडिया करीब 1500 उड़ानें संचालित करता था। इन बदलावों का मकसद नेटवर्क को स्थिर बनाए रखना और यात्रियों को अंतिम समय में होने वाली परेशानियों से बचाना है। एयर लाइन पांच महाद्वीपों में अपनी उड़ान जारी रखेगी।
- इनमें नॅार्थ अमेरिका के लिए हर हफ्ते 33 उड़ानें
- यूरोप के लिए 47 उड़ानें
- यूके के लिए 57 उड़ानें
- ऑस्ट्रेलिया के लिए 8 उड़ानें
- Far East, Southeast Asia और सार्क देशों के लिए 158 उड़ानें
- मॉरीशस के लिए 7 उड़ानें उड़ान शामिल हैं।
कंपनी ने कहा कि जिन यात्रियों की उड़ानें रद्द होंगी, उन्हें अल्टरनेटिव उड़ान, मुफ्त तारीख परिवर्तन या फिर पूरा रिफंड दिया जाएगा। एयर इंडिया ने नॅार्थ अमेरिका रूट में बड़े बदलाव किए हैं। इसमें दिल्ली-शिकागो सेवा अस्थायी रूप से बंद की गई है।
इन उड़ानों में हुए बदलाव
- दिल्ली-सैन फ्रांसिस्को उड़ानें हफ्ते में 10 से घटाकर 7 की गई।
- दिल्ली-टोरंटो जुलाई तक 10 से घटाकर 5 उड़ानें
- दिल्ली-वैंकूवर 7 से घटाकर 5 उड़ानें
- मुंबई-नेवार्क सेवा 3 से बढ़ाकर 7 उड़ानें
- दिल्ली-नेवार्क और मुंबई-न्यूयॉर्क (JFK) सेवाएं अस्थायी रूप से बंद रहेंगी।
- दिल्ली-पेरिस: 14 से घटाकर 7 उड़ानें
- दिल्ली-कोपेनहेगन: 4 से घटाकर 3
- दिल्ली-मिलान: 5 से घटाकर 4
- दिल्ली-वियना: 4 से घटाकर 3
- दिल्ली-ज़्यूरिख़: 4 से घटाकर 3
- दिल्ली-रोम: 4 से घटाकर 3
- दिल्ली-मेलबर्न: 7 से घटाकर 4
- दिल्ली-सिडनी: 7 से घटाकर 4 उड़ानें की गई, साथ ही कई दूसरे रूट की उड़ानों में भी कटौती या फिर पूरी तरह से अगस्त 2026 तक बंद की गई है।
एयर इंडिया ने कहा कि वह नियामकों, एयरपोर्ट प्राधिकरणों और अन्य साझेदारों के साथ लगातार काम कर रही है ताकि हालात सामान्य होते ही पूरी क्षमता बहाल की जा सके। हालांकि कंपनी ने यह भी संकेत दिया कि यदि परिस्थितियां नहीं सुधरीं तो आगे भी नेटवर्क में बदलाव किए जा सकते हैं।

