
आज से खुला NSE का IPO! ₹1700-1785 का प्राइस बैंड, ब्रोकरेज से जानिए सब्सक्राइब करें या नहीं?
NSE का IPO आज से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है। ₹1,700-1,785 के प्राइस बैंड वाले इस इश्यू पर कई ब्रोकरेज फर्मों का रुख पॉजिटिव है। NSE की मजबूत बाजार हिस्सेदारी, शानदार कमाई और कैश जेनरेशन इसकी बड़ी ताकत मानी जा रही हैं। लेकिन निवेश से पहले कुछ अहम बातें जानना जरूरी है।

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया (NSE) के IPO आज से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल चुका है। इस आईपीओ को लेकर ब्रोकरेज फर्मों का रुख काफी हद तक पॉजिटिव है। निवेशक इस आईपीओ को 21 सितंबर तक सब्सक्राइब कर सकेंगे। ब्रोकरेज ने इसके मजबूत मार्केट शेयर, कारोबार की हाई मार्जिन, मजबूत कंपीटिशन और वर्टिकली इंटीग्रेटेड बिजनेस मॉडल को प्रमुख पॉजिटिव पहलुओं में गिना है।
NSE IPO की कीमत और साइज
NSE ने आईपीओ के लिए ₹1,700-1,785 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है। इसका लॉट साइज 8 शेयरों का है। कंपनी इस इश्यू से अधिकतम ₹22,562 करोड़ जुटा रही है। हालांकि, यह पूरा इश्यू ऑफर-फॉर-सेल (OFS) है, इसलिए आईपीओ से मिलने वाली रकम एनएसई को नहीं, बल्कि मौजूदा शेयरधारकों को जाएगी।

कर्मचारियों के लिए ₹70 करोड़ के शेयर रिजर्वड हैं और उन्हें ₹170 प्रति शेयर की छूट मिलेगी। नेट ऑफर का 50% हिस्सा QIBs, 35% रिटेल और 15% नॉन-इंस्टीट्यूशनल निवेशकों के लिए रखा गया है। ऊपरी प्राइस बैंड पर NSE का मार्केट कैप ₹4.42 लाख करोड़ बैठता है।
मार्केट शेयर और कमाई बनी बड़ी ताकत
1992 में स्थापित NSE भारत का सबसे बड़ा स्टॉक एक्सचेंज और प्रमुख मल्टी-एसेट एक्सचेंज प्लेटफॉर्म है। इसका कारोबार ट्रेडिंग, क्लियरिंग, सेटलमेंट, लिस्टिंग, मार्केट डेटा और इंडेक्स सर्विसेज समेत कई क्षेत्रों में फैला है।
ब्रोकरेज के मुताबिक NSE की कैश इक्विटी में करीब 93% और इक्विटी फ्यूचर्स में 99.8% हिस्सेदारी है। गहरी लिक्विडिटी, नेटवर्क इफेक्ट, टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर और रेगुलेटरी बैरियर इसके कंपीटिशन लाभ को मजबूत करते हैं।
मजबूत वित्तीय प्रदर्शन
30 जून 2026 को समाप्त तिमाही में NSE का नेट प्रॉफिट ₹3,120.08 करोड़ और कुल आय ₹5,252.17 करोड़ रही। FY26 में कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹18,713.37 करोड़ रहा। Q1FY27 में PAT मार्जिन 58.78% था।
FY26 में NSE ने ₹23,836 करोड़ का ऑपरेटिंग कैश फ्लो और ₹32,312 करोड़ का कैश दर्ज किया। ब्रोकरेज ने इसके मजबूत कैश जेनरेशन और नगण्य पारंपरिक कर्ज को भी सकारात्मक बताया है।
पैसा लगाएं या नहीं?
YES Securities, Choice Broking, Swastika Investmart, BP Equities, Angel One समेत कई ब्रोकरेज ने इश्यू को सब्सक्राइब करने की राय दी है। वहीं Chola Securities और Religare Broking ने 'न्यूट्रल' रुख अपनाया है।

ब्रोकरेज ने भविष्य में बिजली, नैचुरल गैस, कोयला, इंडेक्स, डेटा सर्विसेज और टेक्नोलॉजी जैसे नए कारोबार से कमाई के संभावित रास्तों को भी NSE के लिए पॉजिटिव माना है।
एंकर निवेशकों की मजबूत भागीदारी
IPO से पहले NSE ने 189 एंकर निवेशकों से ₹6,746.18 करोड़ जुटाए। इसमें 98 म्यूचुअल फंड स्कीम और 27 लाइफ इंश्योरेंस कंपनियां शामिल थीं। मार्केट सूत्रों के मुताबिक एंकर बुक के लिए करीब ₹1.2 लाख करोड़ की मांग आई, जो बुक साइज की लगभग 20 गुना थी।

