पीएफ कर्मचारियों के लिए बड़ी खुशखबरी! मई से UPI के जरिए निकाल सकेंगे PF का पैसा - जानिए कितनी होगी लिमिट
EPFO जल्द ही CITES 2.0 सिस्टम के तहत UPI से PF निकालने की सुविधा शुरू कर सकता है। इससे क्लेम प्रक्रिया आसान और तेज होगी। कर्मचारी 75% तक राशि निकाल सकेंगे। मई के अंत तक यह सेवा शुरू होने की संभावना है, जिससे लाखों कर्मचारियों को राहत मिलेगी।

कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) अपने करोड़ों सब्सक्राइबर्स के लिए खुशियों वाली खबर लेकर आया है। पीएफ से पैसा निकालने की लंबी और थकाऊ प्रक्रिया अब बीते दिनों की बात होने वाली है।
आजतक के रिपोर्ट के मुताबिक EPFO अपने नए डिजिटल सिस्टम 'CITES 2.0' पर तेजी से काम कर रहा है, जिसके तहत अब सीधे UPI के जरिए पैसा निकालने की सुविधा मिलेगी। सूत्रों की मानें तो मई के अंत तक यह सर्विस शुरू हो सकती है, जिससे प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले लाखों कर्मचारियों को क्लेम रिजेक्ट होने की सिरदर्दी से आजादी मिल जाएगी।
कैसे काम करेगा नया डिजिटल सिस्टम?
नया सिस्टम आने के बाद पीएफ निकासी का तरीका पूरी तरह बदल जाएगा। सदस्य को सबसे पहले अपने UAN (यूनिवर्सल अकाउंट नंबर) के जरिए EPFO पोर्टल या मोबाइल ऐप पर लॉगिन करना होगा।
लॉगिन करते ही आपको अपना कुल बैलेंस और निकालने योग्य राशि दिखाई देगी। इसके बाद आपको जितनी रकम चाहिए, उसे भरकर अपनी UPI ID डालनी होगी। OTP वेरिफिकेशन पूरा होते ही पैसा सीधे आपके बैंक खाते में पहुंच जाएगा। इस पूरी प्रक्रिया का मकसद कागजी कार्यवाही को खत्म करना और इमरजेंसी में कर्मचारियों को तुरंत राहत देना है।
निकासी की सीमा कितनी होगी?
सरकार ने सुविधा के साथ-साथ एक सुरक्षा कवच भी लगाया है। नए नियमों के मुताबिक, कोई भी कर्मचारी अपने पीएफ खाते से एक बार में पूरा पैसा नहीं निकाल पाएगा। अब अधिकतम 75% राशि निकालने की ही मंजूरी होगी, जबकि 25% बैलेंस खाते में रखना अनिवार्य होगा।
श्रम मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सरकार चाहती है कि कर्मचारी अपनी पूरी जमा पूंजी एक साथ खर्च न करें, ताकि रिटायरमेंट के बाद उनके पास एक अच्छी बचत बची रहे। यह कदम भविष्य की वित्तीय सुरक्षा को ध्यान में रखकर उठाया गया है।
भविष्य की नई योजनाएं
सिर्फ UPI ही नहीं, सरकार पीएफ और पेंशन के ढांचे को और मजबूत करने के लिए तीन नई स्कीम्स पर भी काम कर रही है। आने वाले समय में 'EPF स्कीम 2026', 'EPS 2026' और 'EDLI स्कीम 2026' लॉन्च की जा सकती हैं। इन योजनाओं के जरिए बीमा और पेंशन के नियमों को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाया जाएगा।

