यात्री वाहन लोन से गोल्ड लोन तक श्रीराम फाइनेंस का बड़ा प्लान, 3-4 साल में MSME बुक दोगुनी करने का लक्ष्य
श्रीराम फाइनेंस अपने कारोबार को नई रफ्तार देने की तैयारी में है। कंपनी यात्री वाहन लोन में मार्केट हिस्सेदारी बढ़ाने के साथ गोल्ड लोन और MSME सेक्टर पर भी बड़ा दांव लगा रही है। कंपनी ने अगले कुछ सालों के लिए विस्तार का रोडमैप तैयार किया है।

In Short
- श्रीराम फाइनेंस यात्री वाहन लोन में अपनी मार्केट हिस्सेदारी 5% से बढ़ाकर 10% करने का लक्ष्य रख रही है।
- कंपनी गोल्ड लोन कारोबार का विस्तार कर रही है और नई स्पेशल ब्रांच खोलने की तैयारी में है।
- MSME लोन बुक को अगले 3 से 4 साल में 42,000 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 1 लाख करोड़ रुपये करने का लक्ष्य है।
श्रीराम फाइनेंस देश की दूसरी सबसे बड़ी प्राइवेट सेक्टर नॉन बैंकिंग फाइनेंस कंपनी है और अब कंपनी अपने कारोबार को तेजी से बढ़ाने की तैयारी कर रही है। कंपनी यात्री वाहन लोन कारोबार में अपनी मार्केट हिस्सेदारी दोगुनी करने के साथ गोल्ड लोन और MSME लोन सेगमेंट को भी मजबूत करना चाहती है। कंपनी के एसेट अंडर मैनेजमेंट यानी AUM में लगातार बढ़ोतरी देखने को मिल रही है और अब कंपनी नए क्षेत्रों में विस्तार पर फोकस कर रही है। कंपनी की आगे की ग्रोथ योजना में सबसे बड़ा फोकस यात्री वाहन लोन कारोबार पर है।
यात्री वाहन लोन में हिस्सेदारी 5% से बढ़ाकर 10% करने का लक्ष्य
श्रीराम फाइनेंस के एग्जीक्यूटिव वाइस चेयरमैन उमेश रेवणकर ने बताया कि यात्री वाहन यानी PV लोन सेगमेंट में कंपनी की हिस्सेदारी अभी काफी कम है। नई और पुरानी दोनों गाड़ियों को मिलाकर कंपनी की मार्केट हिस्सेदारी करीब 5% है, जिसे इस वित्त वर्ष के अंत तक बढ़ाकर 10% करने का लक्ष्य रखा गया है।
कंपनी के जून तिमाही के अंत तक AUM 3.13 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा था, जो एक साल पहले के मुकाबले 15% से अधिक बढ़ा है। इसमें कमर्शियल व्हीकल लोन की हिस्सेदारी 46.86% और यात्री वाहन लोन की हिस्सेदारी 21.88% रही।
ग्रामीण इलाकों में यात्री वाहन लोन बढ़ाने की तैयारी
कंपनी का मानना है कि कमर्शियल व्हीकल मार्केट में अच्छी मांग बनी हुई है और इस साल इसमें 12 से 15% की ग्रोथ हो सकती है। हालांकि यात्री वाहन लोन कारोबार में कंपनी को ज्यादा मौके दिखाई दे रहे हैं क्योंकि इस क्षेत्र में विस्तार की गुंजाइश ज्यादा है।
श्रीराम फाइनेंस खासतौर पर ग्रामीण इलाकों में यात्री वाहन लोन बढ़ाने पर ध्यान दे रही है, जहां ग्राहकों की संख्या बढ़ाने की बड़ी संभावना है।
गोल्ड लोन कारोबार को भी तेजी से बढ़ाएगी कंपनी
श्रीराम फाइनेंस अब गोल्ड लोन कारोबार को भी मजबूत कर रही है। जून तिमाही में गोल्ड लोन कंपनी के कुल AUM का 2.39% था, जो मार्च तिमाही में 2.19% और पिछले साल की पहली तिमाही में 1.89% था।
सोने की कीमतों में बढ़ोतरी के कारण गोल्ड लोन मार्केट में तेजी आई है, क्योंकि ग्राहक समान मात्रा के गहनों पर ज्यादा लोन ले पा रहे हैं। एक्सपीरियन के अनुसार वित्त वर्ष 2026 में गोल्ड लोन सोर्सिंग में 84% की सालाना बढ़ोतरी हुई, जबकि वित्त वर्ष 2025 में यह 69% रही।
MSME लोन बुक को 1 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचाने का लक्ष्य
कंपनी MSME यानी छोटे कारोबारियों को दिए जाने वाले लोन में भी बड़ा विस्तार करने की योजना बना रही है। उमेश रेवणकर के अनुसार RBI के अनुमान के मुताबिक MSME सेक्टर में करीब 30 लाख करोड़ रुपये का क्रेडिट गैप है और कंपनी इस मौके को भुनाना चाहती है।
जून 2026 के अंत में श्रीराम फाइनेंस की MSME लोन बुक करीब 42,000 करोड़ रुपये थी, जिसे अगले 3 से 4 साल में बढ़ाकर 1 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
कंपनी का कहना है कि उसके पास पहले से कई इंडस्ट्रियल क्लस्टर्स में मौजूदगी है और अब सप्लाई चेन फाइनेंस व बड़े MSME लोन के लिए विशेषज्ञों की भर्ती भी की जा रही है।
नई ब्रांच और स्पेशल ब्रांच बढ़ाने पर फोकस
श्रीराम फाइनेंस के पास अभी 3,250 ब्रांच हैं और कंपनी हर साल 100 से 150 नई ब्रांच खोलती है। आने वाले समय में कंपनी गोल्ड लोन जैसी स्पेशल ब्रांच बढ़ाने पर ध्यान देगी।
कंपनी उन इलाकों में ज्यादा पहुंच बनाना चाहती है जहां कामकाजी परिवारों की संख्या ज्यादा है। इससे ग्राहकों तक पहुंच आसान होगी और कंपनी अपने नए कारोबार को तेजी से बढ़ा सकेगी।

