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Ferrari की पहली इलेक्ट्रिक कार में ऐसा क्या है खास, जिसने इसे बना दिया करोड़ों की डील

Ferrari की पहली प्रोडक्शन इलेक्ट्रिक कार Luce की पहली यूनिट ने नीलामी में 382 करोड़ रुपये की कीमत हासिल की है। ‘Chassis 0’ नाम वाली इस खास कार को अमेरिकी अरबपति डॉ. हर्बर्ट वर्टहाइम ने खरीदा है। नीलामी से मिली रकम शिक्षा से जुड़े कामों में इस्तेमाल की जाएगी।

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In Short

  • Ferrari Luce की पहली यूनिट ‘Chassis 0’ को नीलामी में करीब 382 करोड़ रुपये में बेचा गया।
  • इस खास इलेक्ट्रिक कार को अमेरिकी अरबपति डॉ. हर्बर्ट वर्टहाइम ने खरीदा है।
  • नीलामी से मिली पूरी रकम Ferrari Foundation को दी जाएगी जो शिक्षा से जुड़े प्रोजेक्ट्स पर खर्च होगी।

Ferrari Luce की पहली प्रोडक्शन इलेक्ट्रिक कार Luce की पहली यूनिट ने नीलामी में नया रिकॉर्ड बना दिया है। इस कार को करीब 382 करोड़ रुपये में खरीदा गया है। कंपनी की प्रोडक्शन लाइन से निकलने वाली पहली कार होने की वजह से इसे ‘Chassis 0’ नाम दिया गया है। खास बात यह है कि इस कार की अनुमानित कीमत करीब 10.5 करोड़ रुपये रखी गई थी, लेकिन अंतिम बोली 40 मिलियन डॉलर यानी करीब 382.4 करोड़ रुपये तक पहुंच गई।

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अमेरिकी अरबपति ने खरीदी फेरारी लूचे

Ferrari Luce की पहली यूनिट को अमेरिकी अरबपति ऑप्टोमेट्रिस्ट, इन्वेंटर और कारोबारी डॉ. हर्बर्ट “हर्बी” वर्टहाइम ने खरीदा है। उन्हें फेरारी कारों का काफी शौक है। इससे पहले भी उन्होंने एक कस्टम फेरारी डेटोना एसपी3 को 26 मिलियन डॉलर की बोली लगाकर खरीदा था।

हर्बर्ट वर्टहाइम ब्रेन पावर इन्कॉर्पोरेटेड यानी बीपीआई के फाउंडर और सीईओ हैं। यह कंपनी आंखों से जुड़े ऑप्टिकल इंस्ट्रूमेंट्स, लेंस के लिए खास टिंट और दूसरे ऑप्थैल्मिक प्रोडक्ट बनाती है। उन्हें आंखों की सुरक्षा से जुड़ी रिसर्च और इन्वेंशन के लिए भी जाना जाता है।

‘Chassis 0’ क्यों है खास

नीलामी में पेश की गई Ferrari Luce को कंपनी के खास टेलर मेड प्रोग्राम के जरिए तैयार किया गया है। इसका मतलब है कि इसे सामान्य प्रोडक्शन मॉडल की तरह नहीं बल्कि खास डिजाइन और स्टाइल के साथ बनाया गया है।

इस कार को मैड्रेपर्ले सेमी ग्लॉस व्हाइट फिनिश दी गई है। इसमें इस्तेमाल किए गए खास पिगमेंट की वजह से अलग-अलग रोशनी में कार की सतह पर हरे से लेकर बैंगनी रंग तक की हल्की चमक दिखाई देती है। इसी वजह से इसका नाम लूचे रखा गया है, जिसका मतलब इटालियन भाषा में रोशनी होता है।

Photo Credit: X/@rmsothebys

केबिन में भी दिखे खास बदलाव

Ferrari Luce के केबिन को भी खास तरीके से तैयार किया गया है। इसमें पर्ला कलर का ले मैन्स मेटैलिक लेदर इस्तेमाल किया गया है, जिसे फेरारी अपने टेलर मेड प्रोग्राम की कारों में इस्तेमाल करती है।

इसके अलावा केबिन में ग्रिजियो कोरवारा फिनिश के एक्सेंट, सफेद रंग के पहिए और ब्रेक कैलिपर्स दिए गए हैं। कार पर एक खास कमैमोरेटिव प्लाक भी लगाया गया है, जो इसे बाकी लूचे मॉडल से अलग बनाता है।

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Photo Credit: X/@rmsothebys

नीलामी की रकम जाएगी शिक्षा के काम में

Ferrari Luce की नीलामी से मिली पूरी रकम फेरारी फाउंडेशन को दी जाएगी। यह संस्था भविष्य में शिक्षा से जुड़े प्रोजेक्ट्स पर इस पैसे का इस्तेमाल करेगी।

Ferrari ने लूचे को मई में पेश किया था। यह कंपनी की पहली प्रोडक्शन इलेक्ट्रिक कार है। इसका डिजाइन जॉनी आइव और मार्क न्यूज़न ने फेरारी की डिजाइन टीम के साथ मिलकर तैयार किया है। डिजाइन को लेकर चर्चा और आलोचना के बावजूद कंपनी ने बताया था कि लूचे की सभी 500 यूनिट बिक चुकी हैं।