Padma Awards 2026: उदय कोटक से लेकर जगन्नाथन तक! इन 4 बिजनेस दिग्गजों को मिला देश का सर्वोच्च सम्मान
देश के चार बड़े उद्योगपतियों को इस साल पद्म पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। किसी ने बैंकिंग की तस्वीर बदली, किसी ने गरीबी से निकलकर अरबों का कारोबार खड़ा किया। उदय कोटक, अशोक खड़े, सत्यनारायण नुवाल और टीटी जगन्नाथन की संघर्ष और सफलता की प्रेरणादायक कहानियां जानिए, जिन्होंने मेहनत से नई पहचान बनाई।

Padma Awards 2026: इस साल पद्म अवार्ड में बिजनेस जगत से देश के चार बड़े इंडस्ट्रियलिस्ट को सम्मानित किया गया। पद्म अवार्ड से सम्मानित इंडस्ट्रियलिस्ट में उदय कोटक को पद्म भूषण और अशोक खड़े, सत्यनारायण नुवाल, टीटी जगन्नाथन को पद्म श्री अवार्ड दिया गया है। इस बार कुल 131 लोगों को पद्म अवार्ड दिए गए। इनमें 5 पद्म विभूषण, 13 पद्म भूषण और 113 पद्म श्री अवार्ड शामिल हैं।
उदय कोटक
उदय कोटक भारत के सबसे अमीर बैंकर हैं। इन्होंने कोटक महिंद्रा बैंक की स्थापना की थी और 38 साल तक ग्रुप को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। हालांकि सितंबर 2023 तक उदय कोटक ने बैंक के MD और CEO के पद से इस्तीफा दे दिया था।
उनके नेतृत्व में कोटक महिंद्रा सिर्फ एक बैंक नहीं रहा, बल्कि बैंकिंग, इंश्योरेंस, एसेट मैनेजमेंट, इन्वेस्टमेंट बैंकिंग और माइक्रोफाइनेंस जैसी कई सेवाओं वाला बड़ा फाइनेंशियल ग्रुप बन गया। उदय कोटक ने 1 सितंबर 2023 तक बैंक के MD और CEO के तौर पर काम किया। इसके बाद वे गैर-कार्यकारी निदेशक बने। उन्होंने भारत के बैंकिंग सेक्टर को मजबूत बनाने में बड़ी भूमिका निभाई।
वे भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) के अध्यक्ष भी रह चुके हैं और कई अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थाओं से जुड़े रहे हैं। उन्होंने मुंबई विश्वविद्यालय से कॉमर्स की पढ़ाई की और फिर जमनालाल बजाज मैनेजमेंट इंस्टीट्यूट से MBA किया।
अशोक खड़े
अशोक खड़े का नाम बड़े इंडस्ट्रियलिस्ट की लिस्ट में आता है। इन्होंने साल 1993 में DAS Offshore Engineering की शुरुआत की थी। इनका जन्म बेहद गरीब और दलित परिवार में हुआ था। इनकी मां मजदूरी करके परिवार चलाती थीं।
महाराष्ट्र के सांगली जिले के छोटे से गांव पेड से निकलकर उन्होंने आज एक बड़ी इंडस्ट्रियल कंपनी खड़ी की। आज यह कंपनी ऑफशोर ऑयल एंड गैस सेक्टर और शिपबिल्डिंग इंडस्ट्री में काम करती है और इसमें करीब 4,000 कर्मचारी काम करते हैं। पद्म श्री मिलने पर अशोक खड़े ने यह सम्मान अपनी मां और परिवार को समर्पित किया।
सत्यनारायण नुवाल
सत्यनारायण नुवाल आज भारत के बड़े इंडस्ट्रियलिस्ट में गिने जाते हैं, लेकिन उनका शुरुआती जीवन बेहद कठिन था। राजस्थान के भीलवाड़ा में जन्मे नुवाल के पिता पटवारी थे। रिटायरमेंट के बाद परिवार की आर्थिक हालत खराब हो गई, जिसके चलते उन्हें 10वीं के बाद पढ़ाई छोड़नी पड़ी।
रोजगार की तलाश में वे महाराष्ट्र पहुंचे और कई बार रेलवे स्टेशन पर रात बितानी पड़ी। लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। बाद में उन्होंने Solar Industries India की स्थापना की, जो आज औद्योगिक विस्फोटकों और डिटोनेशन सिस्टम बनाने वाली भारत की सबसे बड़ी कंपनियों में शामिल है। आज उनकी कुल संपत्ति करीब 70 हजार करोड़ रुपये बताई जाती है। बिजनेस के साथ-साथ वे अपने सोशल वर्क के लिए भी जाने जाते हैं।
टीटी जगन्नाथन
टीटी जगन्नाथन को मरणोपरांत पद्म श्री से सम्मानित किया गया। उन्होंने TTK Prestige को नई पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभाई। वे 1973 में विदेश से पढ़ाई पूरी करके भारत लौटे और टीटीके समूह से जुड़े। बहुत कम उम्र में ही उन्हें समूह की कंपनियों का मैनेजिंग डायरेक्टर बना दिया गया।
उनके नेतृत्व में टीटीके ग्रुप प्रेशर कुकर और किचन अप्लायंसेज के क्षेत्र में बड़ा नाम बन गया। उन्होंने कंपनी को मुश्किल हालात से निकालकर अरबों डॉलर की कंपनी में बदल दिया।

