बस एक अपडेट और 5% दौड़ा एग्रीकल्चर सप्लाई चेन मैनेजमेंट कंपनी का ये छोटू शेयर- स्टॉक प्राइस 1 रुपये से कम
एग्रीकल्चर सप्लाई चेन मैनेजमेंट कंपनी का शेयर फिलहाल खबर लिखे जानें तक स्टॉक बीएसई पर 10:57 बजे तक 4.26% या 0.04 रुपये चढ़कर 0.98 रुपये पर कारोबार कर रहा था।

Stock in Focus: एग्रीकल्चर सप्लाई चेन मैनेजमेंट कंपनी, पल्सर इंटरनेशनल लिमिटेड (Pulsar International Ltd) ने बीते सोमवार बाजार बंद होने से ठीक पहले निवेशकों को बड़ी जानकारी दी थी जिसके बाद स्टॉक में आज 5 प्रतिशत की तेजी देखने को मिली है।
फिलहाल खबर लिखे जानें तक स्टॉक बीएसई पर 10:57 बजे तक 4.26% या 0.04 रुपये चढ़कर 0.98 रुपये पर कारोबार कर रहा था।
कंपनी ने अपने लेटेस्ट एक्सचेंज फाइलिंग में बताया कि उसने अपने विभिन्न बिजनेस वर्टिकल्स से करीब 90 करोड़ रुपये (₹900 मिलियन) का रेवेन्यू हासिल किया है। कंपनी का कहना है कि यह तेज ग्रोथ उसकी नई रणनीति (strategic realignment) की सफलता को दिखाती है और बाजार में उसके प्रोडक्ट्स/सेवाओं को अच्छी स्वीकृति मिल रही है।
मैनेजमेंट आउटलुक
Pulsar International Limited ने कहा है कि 90 करोड़ रुपये से अधिक का रेवेन्यू हासिल करने के बाद अब कंपनी ने अपने संबंधित बाजारों में मजबूत मौजूदगी बना ली है। बेहतर हो रहे वर्किंग कैपिटल साइकिल के सहारे मैनेजमेंट आने वाली तिमाहियों में इन बिजनेस वर्टिकल्स की ग्रोथ को लेकर सावधानी के साथ सकारात्मक नजरिया रखता है।
कंपनी का मानना है कि जैसे-जैसे ऑपरेशंस का विस्तार होगा, ये सेगमेंट्स कुल वित्तीय प्रदर्शन में और ज्यादा योगदान देंगे, हालांकि यह बाजार की स्थितियों और बिजनेस परिस्थितियों पर निर्भर करेगा।
Pulsar International Q3FY26 Results
पल्सर इंटरनेशनल ने दिसंबर 2025 में खत्म हुई तीसरी तिमाही में बताया था कि इस दौरान कंपनी का नेट प्रॉफिट लगभग चार गुना बढ़कर 3.29 करोड़ रुपये हो गया है। पिछले साल की इसी अवधि में कंपनी का मुनाफा इससे काफी कम था।
वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही में कंपनी की ऑपरेशंस से आय 39.64 करोड़ रुपये रही, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह 6.29 करोड़ रुपये थी।
गुजरात स्थित कंपनी ने यह भी बताया कि दिसंबर 2025 में उसने अपने विस्तार योजनाओं के लिए 35.70 करोड़ रुपये का राइट्स इश्यू पूरा किया है। इस फंड का इस्तेमाल कोल्ड स्टोरेज सुविधाएं बनाने, कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग से जुड़े कामों और अन्य कृषि गतिविधियों के लिए किया जाएगा।

