Gaudium IVF & Women Health का आईपीओ आज से खुला! ब्रोकरेज ने बताया पैसा लगाना सही है या नहीं | Latest GMP
कुल 165 करोड़ रुपये के इस आईपीओ में 90 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी होंगे, जबकि 94,93,700 इक्विटी शेयरों की बिक्री ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए होगी, जिसकी वैल्यू करीब 65 करोड़ रुपये है।

IPO Alert: फर्टिलिटी सर्विस देने वाली कंपनी Gaudium IVF & Women Health का आईपीओ आज, 20 फरवरी से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है। निवेशक इस आईपीओ को 24 फरवरी तक सब्सक्राइब कर सकते हैं। कंपनी ने इश्यू का प्राइस बैंड 75-79 रुपये प्रति शेयर तय किया है। इस आईपीओ का लॉट साइज 189 शेयरों का है। आज सुबह 11 बजे तक इस आईपीओ का लेटेस्ट जीएमपी ₹8.5 था जो इसके 10.76% के प्रीमियम पर लिस्ट होने का संकेत दे रहा है।
कुल 165 करोड़ रुपये के इस आईपीओ में 90 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी होंगे, जबकि 94,93,700 इक्विटी शेयरों की बिक्री ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए होगी, जिसकी वैल्यू करीब 65 करोड़ रुपये है।
कंपनी कहां करेगी फंड का इस्तेमाल?
कंपनी नए इश्यू से जुटाई गई रकम का इस्तेमाल कैपेक्स, कर्ज चुकाने और सामान्य कॉरपोरेट जरूरतों में करेगी।
आईपीओ से पहले कंपनी ने चार एंकर निवेशकों- Meru Investment Fund, Sanshi Fund, Hornbill Orchid India Fund और Carnelian India Multi Strategy Fund से 49.50 करोड़ रुपये जुटाए। कंपनी ने 79 रुपये के भाव पर 62,65,860 शेयर अलॉट किए थे।कंपनी का कारोबार और वित्तीय स्थिति
मार्च 2015 में स्थापित नई दिल्ली बेस्ड कंपनी पूरे भारत में IVF ट्रीटमेंट देती है। यह हब-एंड-स्पोक मॉडल पर काम करती है और सात हब और 28 स्पोक समेत 30 से ज्यादा सेंटर चलाती है।
30 दिसंबर 2025 को खत्म अवधि में कंपनी ने 49.75 करोड़ रुपये की आय पर 12.51 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया। वहीं 31 मार्च 2025 को समाप्त वित्त वर्ष में 70.96 करोड़ रुपये के रेवेन्यू पर 19.13 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट रहा। मौजूदा वैल्यूएशन पर कंपनी का मार्केट कैप करीब 575 करोड़ रुपये बैठता है।
ताजा जानकारी के मुताबिक, ग्रे मार्केट प्रीमियम 8-9 रुपये है, जो लिस्टिंग पर 10-11% संभावित बढ़त का संकेत देता है। एक दिन पहले GMP 10-12 रुपये था।
पैसा लगाएं या नहीं?
Arihant Capital Markets ने 22.98 गुना पी/ई वैल्यूएशन पर ‘सब्सक्राइब’ की सलाह दी है। ब्रोकरेज का कहना है कि कंपनी स्ट्रक्चरल ग्रोथ वाले फर्टिलिटी मार्केट का फायदा उठा सकती है।
Swastika Investmart ने भी ‘सब्सक्राइब’ रेटिंग दी, लेकिन 31 करोड़ रुपये के टैक्स विवाद को जोखिम बताया।
SMIFS, BP Equities और Ventura Securities ने भी इश्यू को सब्सक्राइब करने की सलाह दी है। वेंचुरा ने रेगुलेटरी और वर्कफोर्स रिस्क को ध्यान में रखने की बात कही है।