UN चीफ ने BRICS को सराहा: बोले ताकतवर देश तोड़ रहे हैं कानून, दुनिया को चाहिए मजबूत व्यवस्था
भारत में आयोजित BRICS सम्मेलन में UN महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने वैश्विक व्यवस्था को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि दुनिया बदल रही है और अंतरराष्ट्रीय संस्थानों को भी इसके हिसाब से बदलना होगा। गुटेरेस ने ताकतवर देशों द्वारा नियमों के उल्लंघन पर चिंता जताते हुए कानून आधारित व्यवस्था को मजबूत करने की अपील की।

In Short
- UN चीफ एंटोनियो गुटेरेस ने भारत में हुए BRICS सम्मेलन की सराहना की
- उन्होंने कहा कि ताकतवर देशों द्वारा नियम तोड़ना पूरी दुनिया के लिए खतरा है
- गुटेरेस ने वैश्विक संस्थानों में सुधार और UNSC विस्तार की जरूरत बताई
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने भारत में आयोजित BRICS शिखर सम्मेलन की सराहना करते हुए वैश्विक व्यवस्था में सुधार की जरूरत पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि आज की दुनिया 1945 जैसी नहीं रही है और वैश्विक संस्थानों को मौजूदा आर्थिक, जनसांख्यिकीय और भू-राजनीतिक वास्तविकताओं को दिखाना चाहिए।
BRICS सम्मेलन में बोलते हुए गुटेरेस ने कहा कि कई उभरते हुए बड़े देश लंबे समय से संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में सुधार और विस्तार की मांग कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "इस शिखर सम्मेलन में शामिल देश बदलती हुई वास्तविकता को दिखाते हैं। पिछले कुछ वर्षों में उभरते हुए बड़े देशों ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के विस्तार की मांग की है और भारत इसमें सबसे आगे रहा है।"
UN चीफ ने वैश्विक संस्थानों में ज्यादा संतुलन और समानता की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि दुनिया तेजी से बहुध्रुवीय व्यवस्था की ओर बढ़ रही है और ऐसे में संस्थानों को भी इस बदलाव के अनुसार ढलना होगा।
गुटेरेस ने अंतरराष्ट्रीय कानून और नियम आधारित व्यवस्था को मजबूत करने की अपील भी की। उन्होंने चिंता जताई कि कुछ ताकतवर देश अपनी शक्ति का इस्तेमाल करते हुए अंतरराष्ट्रीय नियमों को कमजोर कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "जब ताकतवर देश नियमों को तोड़ते हैं और जब कानूनों का सम्मान नहीं किया जाता है तो पूरी दुनिया के लिए खतरा पैदा होता है।"
उन्होंने कहा कि दुनिया को ऐसे समय में मजबूत बहुपक्षीय व्यवस्था की जरूरत है जहां सभी देशों की आवाज सुनी जाए। गुटेरेस ने विकासशील देशों की भागीदारी बढ़ाने और वैश्विक संस्थानों में सुधार पर जोर दिया।
भारत में आयोजित BRICS शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी वैश्विक संस्थानों में सुधार और विकासशील देशों की ज्यादा भागीदारी की मांग उठाई थी। गुटेरेस ने इस मुद्दे का समर्थन करते हुए कहा कि मौजूदा वैश्विक संस्थाओं को आज की दुनिया की सच्चाई को प्रतिबिंबित करना चाहिए।
UN महासचिव ने AI के बढ़ते प्रभाव, जलवायु परिवर्तन, वैश्विक शांति और विकास जैसे मुद्दों पर भी सहयोग बढ़ाने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि देशों को मिलकर काम करना होगा ताकि वैश्विक चुनौतियों का समाधान निकाला जा सके।
BRICS सम्मेलन में गुटेरेस की मौजूदगी और उनके बयान को वैश्विक संस्थानों में सुधार और विकासशील देशों की भूमिका बढ़ाने की बहस के बीच महत्वपूर्ण माना जा रहा है।