Starlink Mobile का नया प्लान! Qualcomm से हाथ मिलाकर Elon Musk कैसे बदलेंगे 5G नेटवर्क का खेल?
एलन मस्क की कंपनी SpaceX अब मोबाइल नेटवर्क की दुनिया में बड़ा कदम उठाने जा रही है। इसके लिए Qualcomm के साथ एक अहम समझौता हुआ है। इस साझेदारी से अमेरिका की बड़ी टेलीकॉम कंपनियों के सामने नई चुनौती खड़ी हो सकती है। जानिए क्या है Starlink Mobile का पूरा प्लान।

In Short
- एलन मस्क की SpaceX और Qualcomm के बीच कई साल के लिए बड़ी 5G डील हुई है।
- Starlink Mobile की तैयारी से अमेरिका की AT&T, Verizon और T-Mobile जैसी कंपनियों को चुनौती मिल सकती है।
- अमेरिका में 2027 से नया 5G नेटवर्क तैयार करने का काम शुरू होने की उम्मीद है।
Qualcomm और एलन मस्क की कंपनी SpaceX के बीच एक बड़ी डील हुई है। इस समझौते के तहत Qualcomm अमेरिका में Starlink Mobile का 5G नेटवर्क तैयार करने के लिए जरूरी उपकरण और सॉफ्टवेयर उपलब्ध कराएगी। SpaceX की योजना देशभर में अपना मोबाइल नेटवर्क खड़ा करने की है। इससे अमेरिका की बड़ी टेलीकॉम कंपनियों AT&T, Verizon और T-Mobile को नई चुनौती मिल सकती है।
Reuters की रिपोर्ट के मुताबिक, Qualcomm और SpaceX के बीच कई साल का समझौता हुआ है। इसके तहत Qualcomm रेडियो उपकरण, बेसबैंड यूनिट और सॉफ्टवेयर उपलब्ध कराएगी। इस नेटवर्क को तैयार करने का काम 2027 से शुरू होने की उम्मीद है। कंपनी अमेरिका में हजारों नहीं, बल्कि कई दसियों हजार बड़े मोबाइल टावर साइट्स पर नेटवर्क स्थापित करने की तैयारी कर रही है।
Qualcomm के लिए क्यों खास है यह डील?
Qualcomm अब तक मुख्य रूप से स्मार्टफोन में इस्तेमाल होने वाली चिप बनाने के लिए जानी जाती रही है। हालांकि, कंपनी अब टेलीकॉम नेटवर्क से जुड़ी टेक्नोलॉजी में भी अपना कारोबार बढ़ा रही है।
Qualcomm ने इस समझौते को अपनी अब तक की सबसे बड़ी 5G डील बताया है। हालांकि, कंपनी ने यह नहीं बताया कि इस समझौते की कुल कीमत कितनी है।
Qualcomm पहले से जापान और वियतनाम जैसे देशों में 5G नेटवर्क को सपोर्ट कर रही है। SpaceX के साथ साझेदारी से उसे टेलीकॉम इंफ्रास्ट्रक्चर के कारोबार में अपनी पकड़ मजबूत करने का मौका मिलेगा। इस क्षेत्र में उसका मुकाबला Marvell, Broadcom और Intel जैसी कंपनियों से होगा।
Starlink Mobile कैसे देगा बड़ी कंपनियों को टक्कर?
एलन मस्क की SpaceX सैटेलाइट कनेक्टिविटी और जमीन पर मौजूद मोबाइल नेटवर्क को एक साथ जोड़ना चाहती है। कंपनी का मकसद ऐसा नेटवर्क तैयार करना है, जिससे लोगों को बेहतर मोबाइल कनेक्टिविटी मिल सके।
इसके लिए SpaceX स्पेक्ट्रम खरीदने और मोबाइल टावर कंपनियों के साथ बातचीत करने जैसे कदम उठा रही है।
Qualcomm की टेक्नोलॉजी नेटवर्क की कवरेज, क्षमता और स्पेक्ट्रम के बेहतर इस्तेमाल में मदद करेगी। इसमें एडवांस्ड बीमफॉर्मिंग टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल होगा, जिससे वायरलेस सिग्नल को यूजर्स की तरफ बेहतर तरीके से भेजा जा सकेगा।
कॉल ड्रॉप की समस्या खत्म करना चाहती है कंपनी
4 नवंबर को Starlink के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट माइकल निकोल्स ने कहा कि आज के समय में लोगों को घर या सफर के दौरान कॉल ड्रॉप की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने बताया कि Starlink देशभर में ऐसा नेटवर्क तैयार कर रही है, जिसमें सैटेलाइट और जमीन पर मौजूद मोबाइल नेटवर्क मिलकर काम करेंगे।
2027 से शुरू होगा काम, लेकिन चुनौतियां भी कम नहीं
देशभर में नया 5G नेटवर्क खड़ा करना आसान नहीं होगा। इसके लिए बड़े निवेश और हजारों मोबाइल साइट्स की जरूरत पड़ेगी।
SpaceX को उन कंपनियों से मुकाबला करना होगा, जो दशकों से मोबाइल नेटवर्क चला रही हैं। नेटवर्क लगाने का काम 2027 से शुरू होकर कई वर्षों तक चल सकता है। शुरुआत में कंपनी का ध्यान जमीन पर आधारित 5G सेवाओं पर रहेगा।