ChatGPT ने गणित में किया बड़ा कमाल, सैम ऑल्टमैन ने शेयर की OpenAI की नई उपलब्धि

OpenAI के अनरिलीज्ड ChatGPT मॉडल ने गणित के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल करने का दावा किया है। कंपनी के मुताबिक, मॉडल ने 372 मुश्किल सवालों के नतीजे निकाले हैं। सैम ऑल्टमैन ने भी इस काम को X पर शेयर किया है। हालांकि, सभी नतीजों की अभी पूरी तरह एक्सपर्ट जांच नहीं हुई है।

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सैम ऑल्टमैन ने X पर बताया कि OpenAI के अनरिलीज्ड ChatGPT मॉडल ने गणित के 372 नए सवाल हल किए हैं।
सैम ऑल्टमैन ने X पर बताया कि OpenAI के अनरिलीज्ड ChatGPT मॉडल ने गणित के 372 नए सवाल हल किए हैं।

In Short

  • OpenAI के अनरिलीज्ड ChatGPT मॉडल ने गणित के 372 मुश्किल सवाल हल किए।
  • मॉडल को करीब 4,000 सवाल दिए गए थे और हर नतीजे में औसतन करीब तीन घंटे का थिंकिंग कंप्यूट लगा।
  • - सैम ऑल्टमैन ने इस उपलब्धि को नई खोजों के दौर की शुरुआत बताया।

By Shakshi:

OpenAI ने अपने एक ऐसे AI मॉडल की बड़ी उपलब्धि के बारे में बताया है, जिसे अभी आम लोगों के लिए लॉन्च नहीं किया गया है। कंपनी का दावा है कि इस मॉडल ने गणित के 372 मुश्किल सवाल हल किए हैं। OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन ने इसे AI की मदद से नई खोजों के दौर की शुरुआत बताया है।

करीब 4,000 सवाल दिए गए

OpenAI के मुताबिक, इस AI मॉडल को करीब 4,000 गणित के सवाल दिए गए थे। इनमें से 372 सवालों के नतीजे सामने आए। कंपनी का कहना है कि ज्यादातर नतीजे एक ही तरीके से हासिल किए गए। हर नतीजे के लिए औसतन करीब तीन घंटे के ChatGPT Pro थिंकिंग कंप्यूट का इस्तेमाल किया गया।

इनमें अलजेब्रा, नंबर थ्योरी, कंप्यूटर साइंस, मैथमेटिकल लॉजिक और टोपोलॉजी से जुड़े सवाल शामिल थे। OpenAI ने इन नतीजों से जुड़ी जानकारी GitHub पर भी जारी की है।

सैम ऑल्टमैन ने क्या कहा?

OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन ने X पर इससे जुड़ा पोस्ट शेयर किया। उन्होंने कहा कि अब हम खोज के एक नए दौर में प्रवेश कर रहे हैं। उनके बयान से संकेत मिलता है कि आने वाले समय में AI की मदद से ऐसी और खोजें देखने को मिल सकती हैं।

गणित के कई जवाबों और उनके सबूतों को Lean नाम के एक प्रोग्राम की मदद से जांचा गया है। हालांकि, सभी नतीजों की अभी दूसरे एक्सपर्ट्स ने पूरी तरह जांच नहीं की है।

नतीजों की जांच पर भी फोकस

OpenAI अपने पिछले Navier-Stokes नतीजे के बाद गणित और AI से जुड़े एक स्वतंत्र एडवाइजरी ग्रुप से भी सलाह ले रही है। इसका मकसद AI से मिलने वाले बड़े नतीजों को सही तरीके से लोगों के सामने लाना है।

कंपनी का कहना है कि वह AI की मदद से गणित में नई खोजों को आगे बढ़ाना चाहती है। इसके लिए OpenAI वर्कशॉप, कॉन्फ्रेंस और खास कार्यक्रमों को फंड करने की भी योजना बना रही है।

हालांकि, OpenAI के पिछले गणित से जुड़े काम पर सवाल उठ चुके हैं। इसलिए इन 372 नतीजों की आगे होने वाली जांच भी अहम होगी।

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