AI के दौर में IITs की नई तैयारी, इंजीनियरिंग छात्रों के लिए क्या बदलेगा?
भारत के IITs में AI की पढ़ाई तेजी से विस्तार कर रही है। देश के 23 IITs में करीब 50 डिग्री लेवल प्रोग्राम्स में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन इंटेलिजेंस और AI डेटा साइंस से जुड़े कोर्स शामिल हैं। संस्थान अब AI को कई इंजीनियरिंग और रिसर्च क्षेत्रों से जोड़ रहे हैं।

In Short
- 23 IITs में करीब 50 AI और डेटा साइंस से जुड़े डिग्री प्रोग्राम्स उपलब्ध
- IIT दिल्ली और IIT मद्रास ने AI आधारित पढ़ाई और रिसर्च का दायरा बढ़ाया
- IITs पारंपरिक इंजीनियरिंग के साथ AI और कंप्यूटेशनल टेक्नोलॉजी को जोड़ रहे हैं
भारत के प्रमुख इंजीनियरिंग संस्थान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI को अपने अकादमिक प्रोग्राम्स का अहम हिस्सा बना रहे हैं। AI अब सिर्फ एक स्पेशलाइज्ड फील्ड नहीं रह गया है, बल्कि आधुनिक इंजीनियरिंग और रिसर्च का हिस्सा बनता जा रहा है।
भारत के 23 IITs में मौजूदा प्रोग्राम्स की समीक्षा से पता चलता है कि करीब 50 डिग्री लेवल प्रोग्राम्स में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन इंटेलिजेंस या AI और डेटा साइंस से जुड़े विषय शामिल हैं।
IITs में AI से जुड़े नए प्रोग्राम्स
IITs अब AI को सिर्फ कंप्यूटर साइंस की स्पेशलाइजेशन के तौर पर नहीं देख रहे हैं। इसे अलग-अलग इंजीनियरिंग और रिसर्च क्षेत्रों में बदलाव लाने वाली टेक्नोलॉजी के रूप में शामिल किया जा रहा है।
IIT दिल्ली के स्कूल ऑफ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में मशीन इंटेलिजेंस और डेटा साइंस से जुड़े प्रोग्राम्स उपलब्ध हैं। यहां डीप लर्निंग, रीइन्फोर्समेंट लर्निंग, कंप्यूटर विजन, नेचुरल लैंग्वेज प्रोसेसिंग, रिस्पॉन्सिबल AI, हेल्थकेयर, मैन्युफैक्चरिंग और इंटेलिजेंट रोबोटिक्स जैसे क्षेत्रों में रिसर्च की जा रही है।
IIT मद्रास ने भी AI से जुड़े प्रोग्राम्स का विस्तार किया है। इसका B.Tech प्रोग्राम आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के फंडामेंटल कॉन्सेप्ट्स के साथ प्रैक्टिकल एप्लीकेशन, इंटर्नशिप और अंडरग्रेजुएट रिसर्च पर फोकस करता है।
AI की पढ़ाई IIT कैंपस से बाहर भी
IIT मद्रास अपने SWAYAM Plus प्लेटफॉर्म के जरिए AI एजुकेशन को ज्यादा लोगों तक पहुंचा रहा है। साल 2025 में यहां AI इन फिजिक्स, AI इन केमिस्ट्री, AI इन अकाउंटिंग, क्रिकेट एनालिटिक्स विद AI और Python के जरिए AI और ML जैसे कोर्स शुरू किए गए।
इसके बाद AI फॉर एजुकेटर्स, AI फॉर एस्पायरिंग इंजीनियर्स, AI फॉर एडमिनिस्ट्रेटर्स और प्रॉम्प्ट इंजीनियरिंग जैसे कोर्स भी जोड़े गए। SWAYAM Plus पर अब 15 सेक्टर में 500 से ज्यादा ऑनलाइन कोर्स उपलब्ध हैं।
पारंपरिक इंजीनियरिंग के साथ AI का मेल
IITs अब पारंपरिक इंजीनियरिंग के साथ AI और कंप्यूटेशनल टेक्नोलॉजी को जोड़ रहे हैं। IIT मद्रास के 2026-27 प्रोग्राम्स में रोबोटिक्स, सेमीकंडक्टर मैटेरियल्स टेक्नोलॉजी, सस्टेनेबल इंजीनियरिंग, स्पोर्ट्स एनालिटिक्स और AI, क्वांटिटेटिव फाइनेंस और कंप्यूटेशनल इंजीनियरिंग जैसे क्षेत्र शामिल हैं।
IIT बॉम्बे ने भी क्लाइमेट और सस्टेनेबिलिटी, सेमीकंडक्टर मैटेरियल्स, कंप्यूटेशनल मैटेरियल्स इंजीनियरिंग, MEMS और AI डेटा साइंस से जुड़े प्रोग्राम शुरू किए हैं। इसके अलावा संस्थान ने AI और डेटा साइंस में 18 महीने का एग्जीक्यूटिव पोस्टग्रेजुएट डिप्लोमा और प्रोफेशनल्स के लिए चार महीने का ऑनलाइन लीडरशिप विद AI कोर्स भी शुरू किया है।