हर दिन नया रिकॉर्ड बना रहा है Raymond का शेयर! आज फिर से बनाया 52 Week High - चेक करें डिटेल्स
रेमंड लिमिटेड के शेयरों में मंगलवार को जोरदार तेजी देखने को मिली। स्टॉक ने कारोबार के दौरान नया 52-वीक हाई बनाया और पिछले रिकॉर्ड स्तर को भी पीछे छोड़ दिया। डीमर्जर के बाद कंपनी के बदले कारोबारी फोकस के बीच शेयर में आई इस तेजी ने निवेशकों का ध्यान खींचा है।

रेमंड लिमिटेड (Raymond Ltd) का शेयर हर दिन नई उच्चाई बना रहा है। स्टॉक ने आज एक बार फिर से अपना फ्रेश 52 Week High 869.05 रुपये को टच किया है। इसी के साथ शेयर ने 18 जुलाई 2024 को दर्ज किए गए ₹793.33 के पिछले एडजस्टेड ऐतिहासिक उच्च स्तर को पार कर लिया है।
बता दें कि इससे पहले भी सोमवार को शेयर ने अपना 52 Week High बनाया था। बीएसई पर आज यह शेयर 772.30 रुपये पर ट्रेडिंग के लिए खुला था और अभी तक इसने अपना इट्राडे हाई 869.05 रुपये को टच किया है जो इसका एक साल का उच्चतम स्तर भी है।
Raymond Share Price
कंपनी का शेयर आज दोपहर 12:37 बजे तक एनएसई पर 10.25% या 79.20 रुपये चढ़कर 851.60 रुपये पर कारोबार कर रहा था और बीएसई पर स्टॉक 10.08% या 77.90 रुपये चढ़कर 850.70 रुपये पर कारोबार कर रहा था।
लाइफस्टाइल और रियल एस्टेट बिजनेस के अलग होने के बाद Raymond में निवेशकों को अब एयरोस्पेस, डिफेंस, ऑटोमोटिव कंपोनेंट्स और प्रिसीजन टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में ज्यादा सीधा निवेश का डायरेक्ट एक्सपोजर मिला है। इस डीमर्जर के बाद Raymond Limited, Raymond Realty और Raymond Lifestyle तीन अलग-अलग कंपनियों बन चुकी हैं।
नतीजे भी मजबूत
Q1 FY2027 में कंपनी की कुल आय सालाना आधार पर 13% बढ़कर ₹628 करोड़ हो गई। वहीं EBITDA 14% बढ़कर ₹100 करोड़ रहा और EBITDA मार्जिन भी बढ़कर 15.9% हो गया।
कंपनी के एयरोस्पेस और डिफेंस कारोबार ने खास तौर पर मजबूत प्रदर्शन किया। इस सेगमेंट का रेवेन्यू सालाना आधार पर 40.4% बढ़कर ₹123 करोड़ पहुंच गया, जबकि EBITDA ₹26 करोड़ रहा। इस ग्रोथ को ग्लोबल ओरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर्स (OEMs) के लिए बढ़ा हुआ उत्पादन और कंपनी के बढ़ते प्रोडक्ट पोर्टफोलियो से मदद मिली।
ऑर्डर बुक भी मजबूत
कंपनी के इंजीनियरिंग कारोबार का ऑर्डर बुक ₹5,960 करोड़ से ज्यादा है। इसके अलावा कंपनी के पास ₹1,632 करोड़ के नए संभावित ऑर्डर्स के लिए Request for Quotation (RFQ) पाइपलाइन भी है। कंपनी 60 से ज्यादा देशों में ग्राहकों को सर्विस देती है और उसके इंजीनियरिंग कारोबार की आधी से ज्यादा कमाई एक्सपोर्ट से आती है।