फ्रेश 52 Week High पर रेमंड का शेयर! 1 महीने में 78% दौड़ा स्टॉक- जानिए ट्रिगर
BSE Analytics के मुताबिक पिछले 1 महीने में यह शेयर 78 प्रतिशत चढ़ा है। आज बीएसई पर यह स्टॉक 1,092.10 रुपये पर ट्रेडिंग के लिए खुला था और अभी तक इसने अपना इंट्राडे हाई 1,195.30 रुपये को टच किया है जो इसका एक साल का उच्चतम स्तर भी है।

Raymond Share: मंगलवार को शेयर बाजार में सुस्त कारोबार के बीच, Raymond Ltd के शेयर में शानदार तेजी देखने को मिल रही है। स्टॉक ने आज अपना फ्रेश 52 Week High 1,195.30 रुपये को टच किया है।
BSE Analytics के मुताबिक पिछले 1 महीने में यह शेयर 78 प्रतिशत चढ़ा है। आज बीएसई पर यह स्टॉक 1,092.10 रुपये पर ट्रेडिंग के लिए खुला था और अभी तक इसने अपना इंट्राडे हाई 1,195.30 रुपये को टच किया है जो इसका एक साल का उच्चतम स्तर भी है।
क्यों है स्टॉक में तेजी?
दरअसल रेमंड ग्रुप द्वारा अपने एयरोस्पेस और डिफेंस यूनिट को डीमर्ज करने के बाद निवेशकों की उम्मीद बढ़ी है। ऐसा इसलिए क्योंकि निवेशकों को वैल्यू अनलॉकिंग का फायदा मिल सकता है। हाल ही में Raymond की एयरोस्पेस सब्सिडियरी को भारत की एक प्रमुख एयरोस्पेस और डिफेंस कंपनी से ऑर्डर मिले हैं।
इन ऑर्डर्स से हर साल करीब ₹33 करोड़ का बिजनेस मिलने की संभावना है। इसके तहत 300 से ज्यादा पार्ट नंबर और हर साल 37,000 से अधिक कंपोनेंट्स की सप्लाई शामिल है। काम में प्रिसिजन-मशीन्ड पार्ट्स, एयरोस्पेस कास्टिंग्स, स्ट्रक्चरल कंपोनेंट्स और जटिल असेंबली शामिल हैं। इनकी प्रोडक्शन और सप्लाई 2026 और 2027 के दौरान धीरे-धीरे शुरू होने वाली है।
एक एक्सचेंज फाइलिंग में कंपनी ने हाल ही में बताया था कि इस ऑर्डर से रेमंड की एयरोस्पेस क्षेत्र में मौजूदगी बढ़ेगी और कंपनी को एयरोस्पेस वैल्यू चेन के कई अन्य हिस्सों में भी काम करने का मौका मिलेगा।
रेमंड लिमिटेड के ग्रुप चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (CFO) राकेश तिवारी ने कहा था कि यह नया ऑर्डर कंपनी के प्रोडक्ट मिक्स को बेहतर बनाने की रणनीति का हिस्सा है, जिससे मुनाफे का मार्जिन बढ़ाने में मदद मिलेगी। उन्होंने बताया कि रेमंड की मैन्युफैक्चरिंग क्षमता सिर्फ एक स्तर तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें मशीनिंग, कास्टिंग, स्ट्रक्चरल कंपोनेंट्स और असेंबली जैसे कई काम शामिल हैं।
इससे कंपनी को हर प्रोजेक्ट में ज्यादा कारोबार हासिल करने और लंबे समय के मजबूत ऑर्डर बैकलॉग तैयार करने में मदद मिलेगी। इस ऑर्डर से रेमंड के ग्राहकों का दायरा भी बढ़ेगा और कंपनी भारतीय एयरोस्पेस क्षेत्र के बढ़ते घरेलू बाजार में अपनी पकड़ मजबूत करेगी।