5 सत्रों में 3000 प्वाइंट टूटा IT इंडेक्स! आज लौटी तेजी - एक्सपर्ट से जानिए रैली में बेचकर निकल जाएं या बने रहें?
आज बुधवार को Nifty IT Index सुबह 11:25 बजे तक 2.31% या 695.15 अंक चढ़कर 30748.65 अंक पर ट्रेड कर रहा था और BSE IT Index इतने समय तक 0.63% या 518.62 अंक चढ़कर 82,744.55 अंक पर कारोबार कर रहा था।

IT Index: मंगलवार को आईटी इंडेक्स में रही भारी गिरावट के बाद आज बुधवार को Nifty IT Index सुबह 11:25 बजे तक 2.31% या 695.15 अंक चढ़कर 30748.65 अंक पर ट्रेड कर रहा था और BSE IT Index इतने समय तक 0.63% या 518.62 अंक चढ़कर 82,744.55 अंक पर कारोबार कर रहा था।
हालांकि इससे पहले पिछले पांच सत्रों में आईटी शेयरों में जबरदस्त बिकवाली देखने को मिली थी। इस दौरान निफ्टी आईटी इंडेक्स 3,000 अंक यानी 9.13% लुढ़क चुका है। 2026 में अब तक यह इंडेक्स 20.67% टूट चुका है।
मंगलवार को निफ्टी आईटी 1,675 अंक यानी 5.3% गिरकर 29,875 के नए 52 हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंच गया था। इसी तरह बीएसई आईटी इंडेक्स भी 1,546 अंक टूटकर 29,081 तक फिसल गया था।
AI और टैरिफ का डर बना ट्रिगर
बिकवाली की बड़ी वजह AI से जुड़ी आशंकाएं रहीं। सैन फ्रांसिस्को की स्टार्टअप एंथ्रोपिक ने अपने ब्लॉग में बताया कि उसका “Claude Code” टूल दशकों पुरानी COBOL भाषा में लिखे सॉफ्टवेयर को आधुनिक बना सकता है। यही भाषा बैंकिंग और बड़े बैच ट्रांजैक्शन में इस्तेमाल होती है।
बाजार को डर है कि अगर AI पुराने सिस्टम अपग्रेड कर सकता है, तो पारंपरिक आईटी सर्विस मॉडल पर दबाव बढ़ेगा। ऊपर से ट्रंप टैरिफ की आशंकाओं ने भी निवेशकों की चिंता बढ़ाई।
ब्रोकरेज की कटौती से दबाव
जेफरीज ने सेक्टर पर सतर्क रुख अपनाया। ब्रोकरेज ने इंफोसिस की रेटिंग घटाकर ‘होल्ड’ की और टारगेट प्राइस 31% घटाकर 1,290 रुपये किया। एचसीएल टेक को भी ‘होल्ड’ कर 1,390 रुपये का लक्ष्य दिया।
टीसीएस को ‘अंडरपरफॉर्म’ करते हुए 2,350 रुपये का टारगेट रखा गया। एलटीआईमाइंडट्री, हेक्सावेयर और एमफैसिस पर भी रेटिंग और लक्ष्य घटाए गए।
जेफरीज का कहना है कि AI इंडस्ट्री के ऑपरेटिंग मॉडल को बदल सकता है। मैनेज्ड सर्विसेज का दायरा सिमट सकता है और कंसल्टिंग व इम्प्लीमेंटेशन का हिस्सा बढ़ सकता है।
आज आई रैली
हालांकि बुधवार को आईटी इंडेक्स में रैली दिखी। निफ्टी आईटी 665 अंक चढ़कर 30,719 पर पहुंच गया। वैल्यू बायिंग और बेहतर ग्लोबल संकेतों से खरीदारी लौटी।
निवेशक क्या अपनाएं रणनीति?
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स के चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट वीके विजयकुमार ने कहा कि लगातार बिकवाली अब थम सकती है और कुछ रिबाउंड संभव है। एंथ्रोपिक की आईटी कंपनियों के साथ साझेदारी की खबरें सहयोग के मौके दिखाती हैं।
लेकिन चॉइस ब्रोकिंग के रिसर्च हेड सचिन गुप्ता ने चेताया कि अब ‘बाय ऑन डिप्स’ नहीं, बल्कि ‘सेल ऑन राइज’ रणनीति अपनानी चाहिए। इंडेक्स 29,300-28,700 तक जा सकता है।
जियोजीत के आनंद जेम्स भी उत्साहित नहीं दिखे। उनके मुताबिक 29,961 पहला सपोर्ट है, जबकि 28,800 और 27,200 अगले स्तर हैं।