भारतीय Share Market पर बड़ी भविष्यवाणी! और टूटेगा बाजार या आएगी नई तेजी?

वैश्विक ब्रोकरेज फर्म Goldman Sachs ने अपना ताज़ा इंडिया स्ट्रैटजी नोट जारी की है, जिसमें भारतीय शेयर बाजार के लिए अपना नजरिया साझा किया है। साथ ही विदेशी ब्रोकरेज ने अपने पसंदीदा स्टॉक्स के लिए गुणवत्ता की चार प्रमुख "स्थिति" को उजागर किया है।

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By Harsh Verma:

वैश्विक ब्रोकरेज फर्म Goldman Sachs ने अपना ताज़ा इंडिया स्ट्रैटजी नोट जारी की है, जिसमें भारतीय शेयर बाजार के लिए अपना नजरिया साझा किया है।

विदेशी ब्रोकरेज का अनुमान है कि निफ्टी 50 इंडेक्स 2025 के अंत तक 27,000 के स्तर तक पहुंच सकता है, जो अगले दो सालों में 13% और 16% की अनुमानित अर्निंग ग्रोथ से सपोर्ट होगा। निफ्टी 50 ने 27 सितंबर 2024 को 26,277 के रिकॉर्ड हाई स्तर से 10 प्रतिशत की गिरावट देखी है।

गोल्डमैन सैक्स के नोट के मुताबिक, भारतीय बाजार अगले तीन महीनों तक रेंज-बाउंड रहेंगे, जिसमें रिकवरी के लिए 24,000 का टारगेट रखा गया है, क्योंकि इस ग्रोथ में सुधार होगा। ब्रोकरेज ने अपने नोट में लिखा है कि मौजूदा भारतीय शेयर बाजारों में एक्सटर्नल इम्यूनिटी (FIIs) हैं। हालांकि घरेलू ग्रोथ में साइक्लिकल मंदी आ रही है। इसलिए कमजोर आय और हाई वैल्यूएशन के साथ बाजारों के निकट भविष्य में रेंज-बाउंड रहने की संभावना है।

ब्रोकरेज ने भारत पर टेक्टिकली न्यूट्रल' रुख बनाए रखा है और हाउसिंग, कृषि, रक्षा, पर्यटन और समृद्ध भारत जैसे मिड टर्म निवेश की थीम को प्राथमिकता दी है। इसके अलावा गोल्डमैन सैक्स ने एक्सपोर्ट सेक्टर्स को लेकर सकारात्मक नजरिया रखा है। इन्फोटेक को 'ओवरवेट' और फार्मा को 'मार्केट-वीट' अपग्रेड किया है, जिसमें मांग में सुधार और कमजोर रुपया से आय प्रति शेयर (EPS) में बढ़ोतरी, साथ ही इन उद्योगों की ग्रोथ को महत्वपूर्ण बताया गया है।

विदेशी ब्रोकरेज ने अपने पसंदीदा स्टॉक्स के लिए गुणवत्ता के चार प्रमुख "स्थिति" को उजागर किया है। जिसमें मजबूत बैलेंस शीट, हाई अर्निंग विजिबिलिटी, पॉजिटिव EPS संशोधन और कम-बीटा स्टॉक्स। 

एक और ब्रोकरेज हाउस Citi  ने कहा कि निफ्टी के मूल्यांकन अब और अधिक समझदारी वाले हो गए हैं, क्योंकि इंडेक्स का एक साल का फॉरवर्ड प्राइस-टू-अर्निंग्स (P/E) रेश्यो अब अपने पांच साल के लंबी अवधि के औसत से सिर्प थोड़ा ऊपर है। सिटी का सितंबर 2025 के लिए निफ्टी लक्ष्य 25,000 है। भारतीय शेयरों में 26,277 के अपने रिकॉर्ड उच्च स्तर से 10 प्रतिशत से अधिक की गिरावट आई है। ब्रॉडर मार्केट्स ने भी इसी तरह की गिरावट देखी है, जिसमें मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स अपने-अपने उच्चतम स्तरों से 12% से 13% तक गिर गए हैं।
 

डिस्क्लेमर: यह जानकारी केवल सूचना के उद्देश्यों के लिए है और इसे निवेश सलाह के रूप में नहीं समझा जाना चाहिए। निवेश निर्णय लेने से पहले एक वित्तीय सलाहकार से परामर्श करने की सिफारिश की जाती है।

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