टेक्सटाइल कंपनी के शेयर में 10% अपर सर्किट, डिविडेंड और विस्तार की खबर से निवेशकों में बढ़ा उत्साह

टेक्सटाइल सेक्टर की इस कंपनी के शेयर में आज 10% का अपर सर्किट लगा। कंपनी की विस्तार योजना, बढ़ती उत्पादन क्षमता और डिविडेंड के ऐलान से स्टॉक में खरीदारी बढ़ी है। खास बात यह है कि कंपनी अब कॉटन यार्न से आगे बढ़कर वैल्यू-एडेड प्रोडक्ट्स पर फोकस कर रही है।

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By Gaurav Kumar:

टेक्सटाइल सेक्टर की कंपनी, Aastha Spintex के शेयर में आज 10% का अपर सर्किट लगा है। एनएसई पर स्टॉक अपर सर्किट के साथ 8.03 रुपये चढ़कर 88.37 रुपये पर लॉक है। स्टॉक में तेजी के पीछे कंपनी की विस्तार नीति और हाल ही में जारी किया गया डिविडेंड है। फिलहाल इस कंपनी का मार्केट कैप 390.08 करोड़ रुपये है। 

गुजरात की Aastha Spintex ने कॉटन यार्न से आगे बढ़कर ग्रे फैब्रिक और दूसरे वैल्यू-एडेड टेक्सटाइल प्रोडक्ट्स में उतरने की तैयारी शुरू कर दी है। कंपनी का लक्ष्य टेक्सटाइल मैन्युफैक्चरिंग की ज्यादा कड़ियों को अपने कारोबार में शामिल करना है। यह विस्तार Falcon Yarns के अधिग्रहण के बाद आया है, जिससे Aastha की स्पिनिंग क्षमता दोगुने से ज्यादा हो गई है।

चार साल में मुनाफा करीब 1 करोड़ से 23.8 करोड़ रुपये

Aastha Spintex ने FY26 में 352 करोड़ रुपये का राजस्व और 23.8 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट दर्ज किया। कंपनी के मुताबिक, पिछले चार वर्षों में उसका मुनाफा करीब 1 करोड़ रुपये से बढ़कर 23.8 करोड़ रुपये हो गया है।

डिविडेंड का ऐलान

कंपनी के बोर्ड ने प्रति शेयर 0.10 रुपये के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। यह शेयरधारकों की मंजूरी पर निर्भर करेगा। डिविडेंड के लिए पात्र शेयरधारकों को तय करने के लिए 9 सितंबर को रिकॉर्ड डेट रखा गया है।

कंपनी की सालाना स्पिनिंग क्षमता अब 7,700 मीट्रिक टन से बढ़कर 17,457 मीट्रिक टन हो गई है। वहीं, स्पिंडल क्षमता 25,920 से बढ़कर 61,824 हो गई है। Aastha अब इस बड़े उत्पादन आधार का इस्तेमाल यार्न से आगे बढ़कर फैब्रिक मैन्युफैक्चरिंग में करने की योजना बना रही है।

ज्यादा प्रोडक्ट, लेकिन क्षमता के इस्तेमाल पर नजर

फैब्रिक और दूसरे वैल्यू-एडेड प्रोडक्ट्स में विस्तार से कंपनी के पास बेचने के लिए ज्यादा उत्पाद होंगे और सिर्फ यार्न पर निर्भरता घट सकती है। हालांकि, इसका वित्तीय असर इस बात पर निर्भर करेगा कि नई क्षमता कितनी तेजी से इस्तेमाल होती है और वैल्यू-एडेड प्रोडक्ट्स से राजस्व और मुनाफे में कितना सुधार आता है।

Falcon Yarns के लिए अगस्त से अक्टूबर 2026 के बीच करीब 51.46 करोड़ रुपये का ऑर्डर बुक भी बताया गया है। इसमें 10 से ज्यादा घरेलू ग्राहकों के 38 ऑर्डर शामिल हैं, जिनका कुल वॉल्यूम 17.35 लाख किलोग्राम कॉटन यार्न है।

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