SIP की ये 5 गलतियां लंबी अवधि में आपकी कमाई को पहुंचा सकती हैं नुकसान
म्यूचुअल फंड में निवेश करने के बावजूद कई लोग लंबे समय में बड़ा फंड नहीं बना पाते। आखिर इसकी वजह बाजार की गिरावट है या निवेशकों की अपनी गलतियां? Flexi Capital के मैनेजिंग डायरेक्टर नासिर सलीम ने ऐसी 5 आदतों को लेकर चेतावनी दी है, जो आपकी वेल्थ क्रिएशन की योजना बिगाड़ सकती हैं।

In Short
- म्यूचुअल फंड निवेशकों की 5 बड़ी गलतियों पर एक्सपर्ट की चेतावनी।
- बाजार गिरने पर SIP बंद करना पड़ सकता है भारी।
- बेहतर रिटर्न के लिए धैर्य और सही रणनीति जरूरी।
म्यूचुअल फंड में निवेश करने वाले लोगों के लिए एक जरूरी खबर है। बिजनेस टुडे के शो में सीनियर एंकर साक्षी बत्रा के सवालों का जवाब देते हुए Flexi Capital के मैनेजिंग डायरेक्टर नासिर सलीम ने कहा कि निवेशकों को शेयर बाजार के उतार-चढ़ाव से ज्यादा नुकसान उनकी अपनी गलतियों की वजह से हो सकता है। निवेश शुरू करने में देरी, बाजार गिरने पर SIP बंद करना और बार-बार फंड बदलना जैसी आदतें लंबे समय में बड़ा फंड बनाने की राह में रुकावट बन सकती हैं। आइए जानते हैं कि निवेशकों को किन 5 गलतियों से बचना चाहिए।
1. निवेश शुरू करने में देरी करना
नासिर सलीम के मुताबिक, निवेशकों की सबसे बड़ी गलतियों में से एक है निवेश शुरू करने में देरी करना। उनका कहना है कि पैसा बनाने में समय की सबसे अहम भूमिका होती है। अगर कोई निवेशक 20 साल तक नियमित SIP करता है, तो उसे कंपाउंडिंग का फायदा मिल सकता है। इसलिए ज्यादा पैसे जमा होने या सही समय का इंतजार करने के बजाय छोटी रकम से निवेश शुरू करना बेहतर है।
2. बाजार गिरने पर SIP बंद करना
कई निवेशक शेयर बाजार में गिरावट आते ही घबराकर अपनी SIP बंद कर देते हैं। सलीम के मुताबिक, बाजार में गिरावट लंबे समय के निवेशकों के लिए मौका भी हो सकती है। गिरावट के दौरान SIP जारी रखने से कम कीमत पर ज्यादा यूनिट्स मिल सकती हैं। ऐसे में SIP रोकने से रुपये की औसत लागत का फायदा प्रभावित हो सकता है।
3. पिछले रिटर्न देखकर फंड चुनना
म्यूचुअल फंड निवेशकों की एक और बड़ी गलती है पिछले साल सबसे ज्यादा रिटर्न देने वाले फंड में पैसा लगाना। सलीम ने चेतावनी दी कि किसी फंड का पिछला प्रदर्शन भविष्य में अच्छे रिटर्न की गारंटी नहीं होता। इसलिए सिर्फ पुराने रिटर्न के आधार पर फंड चुनना सही रणनीति नहीं है।
4. बार-बार म्यूचुअल फंड बदलना
कुछ निवेशक बेहतर रिटर्न की तलाश में लगातार एक फंड से दूसरे फंड में पैसा शिफ्ट करते रहते हैं। सलीम के मुताबिक, ऐसा करने से लंबे समय तक निवेश बनाए रखने और कंपाउंडिंग का फायदा उठाने में परेशानी हो सकती है। निवेशकों के लिए धैर्य और अनुशासन बनाए रखना ज्यादा जरूरी है।
5. सिर्फ इक्विटी में निवेश करना
नासिर सलीम ने एसेट एलोकेशन को भी बेहद जरूरी बताया। उनके मुताबिक, इक्विटी में अच्छे रिटर्न देखकर कई निवेशक डेट और फिक्स्ड इनकम वाले निवेश को नजरअंदाज करने लगे हैं। यह बड़ी गलती हो सकती है। उनका कहना है कि ज्यादा रिटर्न के पीछे भागने से ज्यादा जरूरी जोखिम को सही तरीके से संभालना है।
नासिर सलीम के मुताबिक, बाजार जितनी बार निवेशकों की संपत्ति को नुकसान नहीं पहुंचाता, उससे कहीं ज्यादा उनकी अपनी गलत आदतें नुकसान पहुंचा सकती हैं।