Silver Price: चांदी में आएगी बड़ी तेजी? क्या साल के अंत तक ₹3 लाख पार कर जाएगा सिल्वर का भाव
सोने और चांदी में हाल की गिरावट के बीच निवेशकों की नजर आगे की चाल पर है। कमोडिटी एक्सपर्ट अजय केडिया का मानना है कि इस साल चांदी सोने से बेहतर प्रदर्शन कर सकती है। उन्होंने चांदी के अहम सपोर्ट लेवल से लेकर साल के आखिर तक के टारगेट भी बताए हैं।

In Short
- अजय केडिया के मुताबिक, इस साल चांदी सोने के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन कर सकती है।
- इंटरनेशनल मार्केट में 70 डॉलर का स्तर पार होने पर चांदी 90 डॉलर प्रति औंस तक जा सकती है।
- घरेलू बाजार में चांदी का भाव साल के आखिर तक 3 लाख रुपये तक पहुंचने का अनुमान है।
इस साल कीमती धातुओं में सोने के मुकाबले चांदी का प्रदर्शन बेहतर रह सकता है। हालांकि, मजबूत डॉलर, ऊंची बॉन्ड यील्ड और ब्याज दरें बढ़ने की चिंता से फिलहाल सोने और चांदी दोनों पर दबाव बना हुआ है। इसके बावजूद हाल की गिरावट के बाद चांदी में निवेश का नया मौका बन सकता है।
बिजनेस टुडे के एक शो में सीनियर एंकर साक्षी बत्रा के सवालों का जवाब देते हुए Kedia Advisory के अजय केडिया ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि चांदी सोने से बेहतर प्रदर्शन कर सकती है। उनके मुताबिक, चांदी की इंडस्ट्रियल डिमांड आने वाले समय में इसके लिए बड़ा सपोर्ट बन सकती है।
चांदी की इंडस्ट्रियल डिमांड क्यों है अहम?
अजय केडिया ने चांदी को 'Poor Man Gold' और 'Devil’s Metal' बताया। इसकी वजह यह है कि चांदी कीमती धातु होने के साथ-साथ इंडस्ट्री में भी बड़े पैमाने पर इस्तेमाल होती है और इसकी कीमत में तेज उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
सोने को डी-डॉलराइजेशन, सेंट्रल बैंकों की खरीदारी और निवेश की मांग से सपोर्ट मिल रहा है। वहीं, चांदी को इसके अलावा इंडस्ट्रियल डिमांड का भी फायदा मिल सकता है।
अजय केडिया के मुताबिक, इलेक्ट्रिक व्हीकल, सोलर एप्लिकेशन और डेटा से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर में चांदी की मांग बनी हुई है। इसके साथ ही चांदी का बाजार कई सालों से सप्लाई की कमी का सामना कर रहा है।
गिरावट के बाद भी क्यों बरकरार है उम्मीद?
इस साल चांदी की कीमत में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। हाल की बिकवाली में पहले की तेजी का बड़ा हिस्सा खत्म हो गया। हालांकि, केडिया का मानना है कि कीमत में गिरावट का मतलब यह नहीं है कि चांदी के फंडामेंटल कमजोर हो गए हैं।
उन्होंने गोल्ड-सिल्वर रेश्यो को भी अहम बताया। यह अभी करीब 68 पर है और उन्हें उम्मीद है कि यह घटकर 54-55 तक आ सकता है। ऐसा होने पर चांदी सोने के मुकाबले ज्यादा तेजी दिखा सकती है।
कहां तक जा सकती है चांदी की कीमत?
इंटरनेशनल मार्केट में चांदी फिलहाल करीब 61 डॉलर प्रति औंस के आसपास है। अजय केडिया के मुताबिक, इसे 56-57 डॉलर प्रति औंस के आसपास तुरंत सपोर्ट मिल सकता है।
उनका कहना है कि 70 डॉलर का स्तर काफी अहम होगा। अगर चांदी 70 डॉलर के स्तर को पार करती है तो इस साल के आखिर तक इसका भाव 90 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच सकता है।
भारत में 3 लाख रुपये तक का अनुमान
घरेलू बाजार में केडिया ने चांदी के लिए 2.15 लाख से 2.18 लाख रुपये के आसपास सपोर्ट बताया है, जबकि फिलहाल यह करीब 2.25 लाख रुपये के आसपास कारोबार कर रही है।
उनके मुताबिक, चांदी इस साल के आखिर तक 3 लाख रुपये तक पहुंच सकती है। केडिया का मानना है कि आने वाले महीनों में इंडस्ट्रियल डिमांड के कारण चांदी सोने के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन कर सकती है।