भारत की इकोनॉमिक ग्रोथ 7% के करीब पहुंचने की उम्मीद, RBI ने बताए मजबूत संकेत!
RBI डिप्टी गवर्नर पूनम गुप्ता ने कहा है कि भारत की इकोनॉमिक ग्रोथ वित्त वर्ष 2027 में 7% के करीब पहुंच सकती है। वैश्विक अनिश्चितता तेल कीमतों और अमेरिका के टैरिफ जैसी चुनौतियों के बावजूद घरेलू मांग फाइनेंशियल सेक्टर और मजबूत एक्सटर्नल सेक्टर से इकोनॉमी को सपोर्ट मिल रहा है।

In Short
- RBI का अनुमान: पूनम गुप्ता ने कहा भारत की GDP ग्रोथ वित्त वर्ष 2027 में 7% के करीब पहुंच सकती है जो RBI के 6.7% अनुमान से ज्यादा हो सकती है।
- ग्लोबल चुनौतियों के बीच मजबूती: तेल कीमतों अमेरिका के टैरिफ और वैश्विक अनिश्चितता के बावजूद भारत की घरेलू अर्थव्यवस्था मजबूत बनी हुई है।
- भारत की बड़ी ताकत: सर्विस एक्सपोर्ट रेमिटेंस और मजबूत फाइनेंशियल सेक्टर देश की आर्थिक ग्रोथ को सहारा दे रहे हैं।
भारत की इकोनॉमिक ग्रोथ चालू वित्त वर्ष में उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन कर सकती है। RBI डिप्टी गवर्नर पूनम गुप्ता ने कहा है कि देश की आर्थिक वृद्धि दर 7% के करीब पहुंच सकती है और यह RBI के मौजूदा अनुमान से ज्यादा हो सकती है। वैश्विक चुनौतियों के बीच भी घरेलू अर्थव्यवस्था की मजबूती इसकी बड़ी वजह बनी हुई है।
पहली तिमाही में 7% से ज्यादा रह सकती है ग्रोथ
पूनम गुप्ता ने मद्रास स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स में दिए गए एक लेक्चर में कहा कि हाई फ्रीक्वेंसी इंडिकेटर्स को देखते हुए पहली तिमाही की ग्रोथ 7% से ऊपर रह सकती है। कुछ प्राइवेट फोरकास्टर्स ने भी आर्थिक वृद्धि दर 7.5% तक रहने का अनुमान लगाया है। ऐसे में पूरे वित्त वर्ष 2027 में भारत की ग्रोथ RBI के अनुमान से बेहतर रहकर करीब 7% तक पहुंच सकती है।
तीन बड़ी चुनौतियों के बावजूद इकोनॉमी मजबूत
RBI डिप्टी गवर्नर ने मौजूदा स्थिति को तीन बड़े झटकों वाला दौर बताया। इसमें बढ़ती तेल कीमतें अमेरिका के टैरिफ और ग्लोबल स्तर पर बढ़ती अनिश्चितता शामिल हैं। इसके अलावा कम अनुकूल बारिश की संभावना भी एक चिंता बनी हुई है। इसके बावजूद भारत की इकोनॉमी ने अपनी मजबूती दिखाई है और घरेलू मांग लगातार सपोर्ट दे रही है।
RBI का 6.7% ग्रोथ अनुमान
RBI की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी ने वित्त वर्ष 2027 के लिए रियल GDP ग्रोथ का अनुमान 6.7% रखा है। तिमाही आधार पर यह अनुमान 6.4% से 7% के बीच है। हालांकि पूनम गुप्ता का मानना है कि मजबूत घरेलू गतिविधियों के चलते वास्तविक ग्रोथ इससे ऊपर भी जा सकती है।
महंगाई पर भी भारत ने बेहतर प्रदर्शन किया
पूनम गुप्ता ने कहा कि पिछले एक दशक में भारत की ग्रोथ ज्यादा स्थिर और व्यापक हुई है। देश में महंगाई भी धीरे धीरे नियंत्रित रही है। उन्होंने बताया कि हाल के वर्षों में औसत महंगाई करीब 4.8% रही है, जो कई उभरती अर्थव्यवस्थाओं की तुलना में कम है।
फाइनेंशियल सेक्टर और बैंकिंग सिस्टम मजबूत
RBI डिप्टी गवर्नर ने भारत के फाइनेंशियल सेक्टर की मजबूती पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि RBI के स्ट्रेस टेस्ट में बैंक और अन्य वित्तीय संस्थान मजबूत स्थिति में दिखाई दिए हैं। इससे देश की आर्थिक व्यवस्था को स्थिरता मिली है।
एक्सटर्नल सेक्टर बना भारत की ताकत
भारत का एक्सटर्नल सेक्टर भी मजबूत बना हुआ है। सर्विस एक्सपोर्ट, नेट सर्विस सरप्लस, रेमिटेंस और मर्चेंडाइज एक्सपोर्ट में सुधार ने देश को सहारा दिया है। पूनम गुप्ता ने कहा कि भारत की बड़ी और विविध अर्थव्यवस्था के साथ डेमोग्राफिक डिविडेंड भी इसकी बड़ी ताकत है।
ट्रेड में बदलाव से भारत को फायदा
दुनिया में बढ़ते ट्रेड फ्रैगमेंटेशन के बीच भारत ने अपने एक्सपोर्टर्स और इंपोर्टर्स को ज्यादा डायवर्सिफाई किया है। इससे किसी एक देश या बाजार पर निर्भरता कम हुई है और अमेरिका के टैरिफ जैसी चुनौतियों का असर सीमित करने में मदद मिल सकती है।