घरों की कीमतों में 6% की बढ़ोतरी, गुरुग्राम और नोएडा बने रियल एस्टेट ग्रोथ के बड़े सेंटर!
भारत के हाउसिंग मार्केट में कीमतों की तेजी जारी है। वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में घरों के दाम 6% बढ़े, जबकि बिक्री में थोड़ी नरमी आई। दिल्ली एनसीआर में गुरुग्राम नोएडा और फरीदाबाद जैसे इलाकों में इंफ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी ने रियल एस्टेट डिमांड को मजबूत बनाए रखा।

In Short
- देशभर में घरों की कीमतों में 6% सालाना बढ़ोतरी दर्ज हुई, लेकिन बिक्री और नए प्रोजेक्ट लॉन्च में नरमी देखने को मिली।
- गुरुग्राम, नोएडा और फरीदाबाद जैसे दिल्ली एनसीआर मार्केट इंफ्रास्ट्रक्चर और बेहतर कनेक्टिविटी के कारण तेजी से आगे बढ़े।
- डेवलपर्स अब ज्यादा चुनिंदा प्रोजेक्ट्स पर फोकस कर रहे हैं, जहां डिमांड और प्राइस ग्रोथ दोनों मजबूत हैं।
भारत के रेजिडेंशियल रियल एस्टेट मार्केट में सालाना आधार पर कीमतों में बढ़ोतरी जारी है। वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में देशभर में घरों की कीमतों में 6% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हालांकि इस दौरान बिक्री और नए प्रोजेक्ट लॉन्च में थोड़ी गिरावट देखने को मिली है। दिल्ली एनसीआर में बेहतर कनेक्टिविटी इंफ्रास्ट्रक्चर और बढ़ती कमर्शियल एक्टिविटी ने प्रॉपर्टी डिमांड को मजबूत बनाए रखा है।
कीमतें बढ़ीं लेकिन बिक्री की रफ्तार हुई धीमी
कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज की रिपोर्ट के अनुसार वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में देशभर में रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी की बिक्री 247 मिलियन स्क्वायर फीट रही। यह पिछले साल की तुलना में 3% ज्यादा है लेकिन पिछली तिमाही के मुकाबले इसमें 3% की गिरावट आई है।
वहीं नए प्रोजेक्ट की लॉन्चिंग में ज्यादा कमी देखने को मिली। पहली तिमाही में नए घरों की सप्लाई 242 मिलियन स्क्वायर फीट रही जो सालाना आधार पर 14% और तिमाही आधार पर 16% कम है।
गुरुग्राम में प्रीमियम हाउसिंग की बढ़ी डिमांड
गुरुग्राम दिल्ली एनसीआर के सबसे तेजी से बढ़ते रियल एस्टेट मार्केट में शामिल हो गया है। यहां खरीदार अब सिर्फ घर नहीं बल्कि बेहतर कनेक्टिविटी अमेनिटीज और भरोसेमंद ब्रांड वाले प्रोजेक्ट को प्राथमिकता दे रहे हैं।
गुरुग्राम में प्रीमियम और लग्जरी हाउसिंग की मांग बढ़ रही है। इसके साथ ही कमर्शियल रियल एस्टेट में भी ग्रेड ए ऑफिस स्पेस और प्रीमियम रिटेल हब की डिमांड मजबूत बनी हुई है।
नोएडा और फरीदाबाद में भी मजबूत हुआ बाजार
दिल्ली एनसीआर के नोएडा और फरीदाबाद जैसे इलाकों में भी प्रॉपर्टी मार्केट को इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश का फायदा मिल रहा है। बेहतर कनेक्टिविटी सोशल इंफ्रास्ट्रक्चर और नए डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स ने इन बाजारों को निवेशकों और खरीदारों के लिए आकर्षक बनाया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि कीमतों में लगातार बढ़ोतरी सिर्फ एक अस्थायी तेजी नहीं बल्कि बाजार में आए बदलाव को दिखाती है।
डेवलपर्स ने नई सप्लाई में अपनाई सावधानी
हाउसिंग मार्केट में बिक्री और लॉन्च के बीच का अंतर बताता है कि डेवलपर्स अब सोच समझकर नए प्रोजेक्ट ला रहे हैं। कंपनियां उन इलाकों पर ज्यादा ध्यान दे रही हैं जहां डिमांड और कीमत दोनों मजबूत हैं।
बेंगलुरु और गुरुग्राम जैसे बाजारों में पिछले कुछ सालों में कीमतों में तेज बढ़ोतरी हुई है जिससे डेवलपर्स को बेहतर रियलाइजेशन मिला है।
खरीदारों के लिए कनेक्टिविटी और किराये की अहमियत बढ़ी
दिल्ली एनसीआर में अब खरीदार सिर्फ कीमत नहीं देख रहे हैं बल्कि लोकेशन कनेक्टिविटी सुविधाएं और रेंटल इनकम जैसे फैक्टर भी ध्यान में रख रहे हैं। इसी वजह से गुरुग्राम नोएडा और फरीदाबाद जैसे माइक्रो मार्केट लगातार मजबूत बने हुए हैं।
वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही के आंकड़े बताते हैं कि भारत का हाउसिंग मार्केट अभी भी मजबूत है लेकिन अब ग्रोथ ज्यादा चुनिंदा इलाकों और बेहतर प्रोजेक्ट्स पर निर्भर होती जा रही है।