Volvo का बड़ा EV प्लान, भारत में हर साल लॉन्च करेगी नई इलेक्ट्रिक कार, BEV को बताया ऑटो इंडस्ट्री का भविष्य

Volvo India इलेक्ट्रिक कारों को देश के ऑटो बाजार का भविष्य मानते हुए अपनी EV रणनीति को और मजबूत कर रही है। कंपनी हर साल एक नया इलेक्ट्रिक मॉडल लॉन्च करने की योजना बना रही है। Volvo का कहना है कि भारत में बैटरी इलेक्ट्रिक व्हीकल्स का भविष्य प्लग-इन हाइब्रिड से ज्यादा मजबूत है और कंपनी इसी दिशा में आगे बढ़ेगी।

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EX90 से ES90 तक Volvo की EV तैयारी तेज
EX90 से ES90 तक Volvo की EV तैयारी तेज

By Gaurav Kumar:

लग्जरी कार निर्माता Volvo भारत में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स यानी EV को लेकर अपनी रणनीति को और मजबूत कर रही है। कंपनी ने कहा है कि वह भारत के इलेक्ट्रिक कार बाजार में अपनी मौजूदगी बढ़ाने के लिए हर साल एक नया बैटरी इलेक्ट्रिक व्हीकल (BEV) लॉन्च करने की योजना बना रही है।

Volvo India के मैनेजिंग डायरेक्टर ज्योति मल्होत्रा ने कहा कि कंपनी अब भी इलेक्ट्रिफिकेशन को भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार का भविष्य मानती है। उन्होंने कहा कि भले ही बाजार में हाइब्रिड और दूसरे पावरट्रेन विकल्पों की मांग बढ़ रही है, लेकिन Volvo का फोकस पूरी तरह इलेक्ट्रिक मोबिलिटी पर बना हुआ है।

Volvo के पोर्टफोलियो में दो इलेक्ट्रिक कारें

Volvo India के मौजूदा इलेक्ट्रिक पोर्टफोलियो में EC40 और EX30 शामिल हैं। अब कंपनी अपनी फ्लैगशिप इलेक्ट्रिक SUV EX90 के जरिए लग्जरी EV सेगमेंट में अपनी स्थिति मजबूत करने की तैयारी कर रही है।

EX90 को भारत में कंप्लीटली नॉक्ड डाउन (CKD) मॉडल के रूप में असेंबल किया जा रहा है। यह Volvo के नए SPA2 प्लेटफॉर्म पर आधारित है, जिसे कंपनी की अगली पीढ़ी की इलेक्ट्रिक कारों के लिए तैयार किया गया है।

EX90 के बाद आएगी ES90 इलेक्ट्रिक सेडान

Volvo जल्द ही EX90 के बाद ES90 इलेक्ट्रिक सेडान को भी भारत में पेश करने की तैयारी में है। कंपनी दोनों मॉडल को लगातार लॉन्च करने की योजना बना रही है।

Volvo के मुताबिक भारत में उसकी बिक्री होने वाली हर चार कारों में से एक इलेक्ट्रिक कार है। इससे कंपनी को देश में EV की बढ़ती मांग पर भरोसा है।

BEV को हाइब्रिड से ज्यादा बेहतर मानती है कंपनी

Volvo का ग्लोबल लक्ष्य पूरी तरह इलेक्ट्रिक कार कंपनी बनने का है। कंपनी का मानना है कि भारत जैसे बाजार में बैटरी इलेक्ट्रिक व्हीकल (BEV) प्लग-इन हाइब्रिड की तुलना में ज्यादा बेहतर विकल्प साबित हो सकते हैं।

कंपनी का मानना है कि चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार और ग्राहकों की बढ़ती रुचि के साथ भारत में इलेक्ट्रिक कारों की मांग आने वाले वर्षों में और बढ़ सकती है।

Volvo की नई रणनीति ऐसे समय में सामने आई है जब भारत में लग्जरी कार कंपनियां इलेक्ट्रिक मॉडल्स पर तेजी से दांव लगा रही हैं और ग्राहक भी पारंपरिक पेट्रोल-डीजल कारों के अलावा नए विकल्पों की ओर बढ़ रहे हैं।

 

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