क्रेडिट कार्ड की तरह मिलेंगे अच्छे पॉइंट, CIBIL की तरह बिगड़ेगा ड्राइविंग रिकॉर्ड? गडकरी का नया लाइसेंस फॉर्मूला
अब ड्राइविंग लाइसेंस सिर्फ गाड़ी चलाने की अनुमति नहीं, बल्कि आपकी सड़क पर आदतों का रिपोर्ट कार्ड भी बन सकता है। सरकार ग्रेडेड पॉइंट सिस्टम पर काम कर रही है, जिसमें ट्रैफिक नियम तोड़ने पर पॉइंट घटेंगे और अच्छी ड्राइविंग पर फायदा मिल सकता है। नितिन गडकरी ने संकेत दिया कि अच्छे रिकॉर्ड पर बीमा कंपनियां भी प्रोत्साहन दे सकती हैं।

In Short
- ट्रैफिक नियम तोड़ने पर ड्राइविंग लाइसेंस के पॉइंट कम हो सकते हैं
- तय सीमा पार होने पर लाइसेंस सस्पेंड या रद्द किया जा सकता है
- अच्छे ड्राइविंग रिकॉर्ड पर बीमा कंपनियों से प्रोत्साहन मिलने की संभावना
अब आपकी ड्राइविंग का भी एक तरह का “स्कोर” बन सकता है। जैसे क्रेडिट कार्ड का सही इस्तेमाल करने पर रिवॉर्ड पॉइंट मिलते हैं और CIBIL स्कोर खराब होने पर लोन लेने में दिक्कत आ सकती है, वैसे ही सरकार ड्राइविंग लाइसेंस के लिए पॉइंट आधारित सिस्टम लाने की तैयारी कर रही है।
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने SIAM के 66वें वार्षिक सम्मेलन में कहा कि सरकार ड्राइविंग लाइसेंस और वाहन रजिस्ट्रेशन के लिए ग्रेडेड पॉइंट सिस्टम पर काम कर रही है।
हर गलती का होगा हिसाब
प्रस्तावित व्यवस्था में ट्रैफिक नियम तोड़ने पर ड्राइविंग लाइसेंस से पॉइंट कम हो सकते हैं। यानी अगर कोई ड्राइवर बार-बार रेड लाइट तोड़ता है, तेज रफ्तार से गाड़ी चलाता है या दूसरे नियमों का उल्लंघन करता है, तो उसका रिकॉर्ड लगातार खराब होता जाएगा।
एक तय सीमा पार होने के बाद लाइसेंस सस्पेंड या रद्द भी किया जा सकता है। यानी भविष्य में सिर्फ चालान भर देना ही काफी नहीं होगा, बल्कि आपकी पिछली गलतियां भी मायने रख सकती हैं।
अच्छे ड्राइवर को मिल सकता है फायदा
इस सिस्टम में सिर्फ सजा नहीं, बल्कि अच्छे ड्राइवरों के लिए इनाम की सोच भी है। जो लोग लंबे समय तक नियमों का पालन करेंगे और सुरक्षित ड्राइविंग करेंगे, उन्हें अच्छे पॉइंट मिल सकते हैं।
गडकरी ने कहा कि अच्छे पॉइंट वाले ड्राइवरों को बीमा कंपनियों से प्रोत्साहन मिल सकता है। यानी अच्छी ड्राइविंग का असर भविष्य में बीमा प्रीमियम या दूसरे फायदों पर भी दिख सकता है।
CIBIL स्कोर जैसा समझिए
इसे आसान भाषा में समझें तो यह सिस्टम कुछ हद तक CIBIL स्कोर जैसा हो सकता है। CIBIL में आपकी वित्तीय आदतों का रिकॉर्ड बनता है, जबकि यहां आपकी सड़क पर की गई गलतियों और अच्छी ड्राइविंग का हिसाब रखा जाएगा।
गडकरी का कहना है कि देश में ड्राइवरों का व्यवहार बड़ी समस्या है। सरकार का मकसद ऐसे लोगों पर रोक लगाना है जो बार-बार नियम तोड़ते हैं और जिम्मेदारी से गाड़ी चलाने वालों को प्रोत्साहित करना है।
अगर यह व्यवस्था लागू होती है तो आपका ड्राइविंग लाइसेंस सिर्फ पहचान का दस्तावेज नहीं रहेगा, बल्कि यह आपकी सड़क पर जिम्मेदारी का रिपोर्ट कार्ड भी बन सकता है।