Bharat NCAP 2.0: कारों की सेफ्टी में होने वाला है बड़ा बदलाव, अगले साल से लागू होंगे नए क्रैश टेस्ट नियम

Bharat NCAP की सफलता के बाद सरकार अब Bharat NCAP 2.0 लाने की तैयारी में है। नया सेफ्टी प्रोग्राम अक्टूबर 2027 से लागू होगा। इसमें सिर्फ क्रैश टेस्ट ही नहीं बल्कि दुर्घटना रोकने यात्रियों और पैदल चलने वालों की सुरक्षा के साथ हादसे के बाद बचाव और देखभाल को भी परखा जाएगा।

Advertisement
Bharat NCAP 2.0
Bharat NCAP 2.0

In Short

  • Bharat NCAP 2.0 अक्टूबर 2027 से लागू होगा और पूरी सेफ्टी चेन का आकलन करेगा
  • Bharat NCAP में अब तक 11 कंपनियों के 30 से ज्यादा मॉडल सर्टिफाइड हो चुके हैं
  • भारत में प्रति मॉडल टेस्टिंग लागत करीब 60 लाख रुपये जबकि Global NCAP में करीब 2.5 करोड़ रुपये है

By Gungun Mishra:

भारत का अपना व्हीकल सेफ्टी टेस्टिंग प्रोग्राम Bharat NCAP अब सरकार के लिए एक बड़ी सफलता की कहानी बनकर सामने आया है। भारत न्यू कार असेसमेंट प्रोग्राम (Bharat NCAP) का दूसरा चरण जल्द ही शुरू होने जा रहा है. केंद्रीय सड़क परिवहन राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने आज दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में कहा कि, इस सफलता के पीछे सिर्फ सरकारी प्रयास नहीं बल्कि ऑटो इंडस्ट्री का सहयोग और तालमेल भी बड़ी वजह है। Bharat NCAP को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान मिली है और इस कार्यक्रम को मोरक्को में ग्लोबल अवॉर्ड भी मिला है।

11 कंपनियों के 30 से ज्यादा मॉडल हो चुके सर्टिफाइड

अब तक Bharat NCAP के तहत 11 कंपनियों के 30 से ज्यादा मॉडल सर्टिफाइड हो चुके हैं। इस कार्यक्रम की वजह से भारत में वाहनों की टेस्टिंग की लागत और समय दोनों में कमी आई है।

ग्लोबल NCAP के तहत एक मॉडल की टेस्टिंग पर करीब 2.5 करोड़ रुपये का खर्च आता है। वहीं Bharat NCAP में यही टेस्टिंग करीब 60 लाख रुपये प्रति मॉडल में हो जाती है। यानी टेस्टिंग लागत करीब 75 फीसदी कम है।

सरकार का कहना है कि कम लागत और भारत में ही टेस्टिंग की सुविधा के कारण कई विदेशी कंपनियां भी अपने वाहनों को टेस्टिंग के लिए भारत भेज रही हैं।

Image Credit: AAJ TAK

एक्सपोर्ट मार्केट में भी मिल रहा फायदा

Bharat NCAP के जरिए वाहनों के सेफ्टी स्टैंडर्ड को बेहतर और ज्यादा व्यवस्थित बनाने की कोशिश की गई है। सरकार के मुताबिक इससे भारतीय प्रोडक्ट की क्वालिटी और भरोसे में सुधार हुआ है।

इसी वजह से ग्लोबल मार्केट में भारतीय वाहनों को अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है और देश का ऑटो एक्सपोर्ट लगातार बढ़ रहा है। सरकार का मानना है कि आज के समय में ईमानदारी, विश्वसनीयता और गुडविल सबसे बड़ी पूंजी है।

अक्टूबर 2027 से आएगा Bharat NCAP 2.0

अब सरकार Bharat NCAP 2.0 पर काम कर रही है। नया कार्यक्रम अक्टूबर 2027 से लागू होगा। इसके तहत सिर्फ क्रैश के समय यात्रियों की सुरक्षा ही नहीं बल्कि पूरी सेफ्टी चेन का आकलन किया जाएगा।

इसमें दुर्घटना को होने से रोकना, यात्रियों की सुरक्षा, पैदल चलने वालों की सुरक्षा और हादसे के बाद लोगों को निकालने और उनकी देखभाल जैसे पहलुओं पर भी ध्यान दिया जाएगा।

सड़क हादसों को कम करना बड़ी चुनौती

सरकार ने सड़क दुर्घटनाओं को देश के लिए बड़ी समस्या बताया है। हर साल करीब 5 लाख सड़क हादसे होते हैं और इनमें करीब 1.80 लाख लोगों की मौत हो जाती है। इनमें 18 से 36 साल की उम्र के लोगों की हिस्सेदारी करीब 66 फीसदी बताई गई है।

सरकार का कहना है कि हादसों की संख्या को हर हाल में कम करना जरूरी है। नई तकनीकों, भारतीय स्टार्टअप्स और दुनिया में सफल सेफ्टी प्रैक्टिस को Bharat NCAP 2.0 में शामिल करने पर विचार किया जाएगा। ऑटो इंडस्ट्री और रिसर्च टीमों से भी सुझाव मांगे गए हैं और अच्छे सुझावों को कार्यक्रम में शामिल करने की बात कही गई है।

Read more!
Advertisement